Maharashtra Assembly Election: महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव को लेकर एक सर्वे सामने आया है, जिसमें महाविकास आघाडी और महायुति को लेकर बड़ा दावा किया गया है. बता दें कि शिवसेना उद्धव, कांग्रेस और एनसीपी शरद पवार की पार्टी महाविकास आघाडी (MVA) के रूप में चुनाव लड़ रही हैं और भाजपा, शिवसेना शिंदे और एनसीपी अजित पवार की पार्टी महायुति के रूप में चुनाव लड़ेगी.
सर्वे में किस पार्टी को कितनी सीटें मिलेंगी, इसका अनुमान व्यक्त किया गया है. सर्वे में इस बात की भी जानकारी दी गई है कि मतदाताओं को कौन से मुद्दे प्रभावित कर रहे हैं. बता दें कि महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव नवंबर में होने का अनुमान है, उससे पहले इस सर्वे ने सभी पार्टियों की धड़कनें बढ़ा दी है. सर्वे से जानकारी मिली है कि इस विधानसभा चुनाव में महाविकास अघाड़ी का पलरा भारी रह सकता है.
MVA को यहां 141 से 154 सीटें मिल सकती है और महायुति के हाथ से सत्ता जा सकती है, क्योंकि सर्वे में महायुति को 115 से 128 सीटें मिलने का ही अनुमान जताया गया है. वहीं अन्य को 5 से 18 सीटें मिलने का दावा किया गया है. सर्वे में दावा किया गया है कि एनडीए यानी महायुति को विदर्भ, मराठवाड़ा और वेस्टर्न महाराष्ट्र में भारी नुकसान हो सकता है.
दावा किया गया है कि महायुति मुंबई, उत्तर महाराष्ट्र और कोंकण में बढ़त बना सकती है. वहीं कांग्रेस सबसे बड़ी पार्टी बन सकती है. सर्वे में एकनाथ शिंदे की लोकप्रियता बढ़ने और देवेंद्र फडणवीस की लोकप्रियता घटने का भी दावा किया गया है. सर्वे में महायुति को 38-41 फीसदी और महाविकास आघाडी को 41-44 फीसदी तक वोट मिलने का अनुमान लगाया गया है.
सर्वे में कहा गया है कि महंगाई, भ्रष्टाचार, ग्रामीण संकट, कानून व्यवस्था, महाराष्ट्र के गौरव को नुकसान और बढ़ती बेरोजगारी जैसे मुद्दे एनडीए के लिए चुनौती बन रहे हैं. इन मुद्दों ने एनडीए के खिलाफ एंटी इंकबेंसी बनाया है. साथ ही राज्य में विभिन्न समस्याओं के लिए भी देवेंद्र फडणवीस को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है और मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की लोकप्रियता बढ़ रही है. सर्वे में दावा किया गया है कि विभिन्न परियोजनाओं के महाराष्ट्र से गुजरात की ओर बढ़ जाने से भी एनडीए की स्थिति कमजोर हुई है.