वाशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि संयुक्त राज्य अमेरिका ईरान के साथ युद्ध में है क्योंकि पागल लोगों के पास परमाणु हथियार नहीं हो सकते, भले ही उन्होंने दावा किया हो कि युद्धविराम के बाद शत्रुता समाप्त हो गई है. ट्रंप ने एक कार्यक्रम के दौरान वहां मौजूद लोगों से कहा कि हम युद्ध में हैं क्योंकि मुझे लगता है कि आप सहमत होंगे कि हम पागलों को परमाणु हथियार नहीं दे सकते. क्या आप सहमत हैं? जिसके जवाब में USA के नारे लगे.
ईरान ने दिया नया प्रस्ताव
ईरान ने पाकिस्तान के माध्यम से अमेरिका को वार्ता के लिए एक नया प्रस्ताव सौंपा है. ट्रंप ने कहा कि वे इस ऑफर से संतुष्ट नहीं हैं और कहा कि तेहरान ऐसी रियायतें चाहता है जिन्हें वे स्वीकार नहीं कर सकते. वे डील करना चाहते हैं, लेकिन... मैं इससे संतुष्ट नहीं हूं, ईरान के नेतृत्व को बिखरा हुआ बताया.
चल रही वार्ताओं और तीन सप्ताह से चले आ रहे युद्धविराम के बावजूद, ट्रंप ने जोर देकर कहा कि युद्ध समाप्त हो गया है. व्हाइट हाउस ने कांग्रेस को भी सूचित किया कि ईरान के साथ शत्रुता समाप्त हो गई है, भले ही अमेरिकी सशस्त्र बल अभी भी क्षेत्र में तैनात हैं. यह दावा ऐसे समय में आया है जब वॉर पॉवर्स रेजोल्यूशन के तहत 1 मई की समय-सीमा बीत गई, जिसमें 60 दिनों के अंदर सैन्य कार्रवाई के लिए कांग्रेस की मंजूरी जरूरी है. ट्रंप ने इस कानून को असंवैधानिक बताया, जबकि सीनेट ने युद्ध रोकने के डेमोक्रेटिक प्रयास को छठी बार खारिज कर दिया और सांसद वाशिंगटन छोड़ चुके हैं.
कांग्रेस को लिखे पत्र में ट्रंप ने संकेत दिया कि संघर्ष अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है. उन्होंने कहा कि ईरानी शासन के खिलाफ अमेरिकी अभियानों की सफलता और स्थायी शांति सुनिश्चित करने के निरंतर प्रयासों के बावजूद, ईरान द्वारा संयुक्त राज्य अमेरिका और हमारे सशस्त्र बलों के लिए उत्पन्न खतरा अभी भी महत्वपूर्ण है. ईरान लंबे समय से यूरेनियम संवर्धन के अपने अधिकार पर जोर देता रहा है, जिसे वह शांतिपूर्ण उद्देश्यों के लिए बताता है.
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराकची ने कहा कि अगर वाशिंगटन बयानबाजी और उकसावे वाली कार्रवाइयों को बदलता है तो तेहरान कूटनीति के लिए तैयार है. उन्होंने चेतावनी भी दी कि ईरान के सशस्त्र बल किसी भी खतरे के खिलाफ देश की रक्षा के लिए तैयार हैं. ट्रंप ने सैन्य वृद्धि की संभावना भी जताई लेकिन अनिच्छा जताई. उन्होंने कहा कि क्या हम उन्हें पूरी तरह से तबाह कर दें और हमेशा के लिए खत्म कर दें? या हम डील करने की कोशिश करें?
ईरान से लौटते वक्त क्यूबा पर कार्रवाई
ट्रंप ने पाम बीच के फोरम क्लब में शुक्रवार शाम को दिए अपने भाषण में कहा कि क्यूबा की समस्याएं हैं. ईरान से लौटते वक्त हम अपने बड़े, शायद दुनिया के सबसे बड़े विमानवाहक पोत USS अब्राहम लिंकन को लेकर आएंगे. हम उसे लगभग 100 गज दूर तट से रोकेंगे और वे कहेंगे, 'थैंक यू वेरी मच. हम सरेंडर करते हैं.' ट्रंप प्रशासन महीनों से क्यूबा सरकार पर दबाव डाल रहा है कि वह बड़े सुधार करे. इस बीच ट्रंप बार-बार धमकी दे चुके हैं कि अमेरिका अपने मकसद को हासिल करने के लिए द्वीप पर सैन्य कार्रवाई कर सकता है.