इस बार दिल्ली में गर्मी ने 12 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया. बढ़ता तापमान और लू से लोग बीमार पड़ रहे हैं. अब लोगों को बस राहत की उम्मीद में हैं. यही नहीं इस बार गर्मी ने सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए और लोगों को बेहाल कर दिया है.. बढ़ते तापमान को देखते हुए सवाल जो खड़ा होता है वो ये कि आखिर इंसान का शरीर कितना तापमान झेल सकता है.. क्योंकि इस बार का पारा 50 पार गया है और ऐसी खबरें है कि दिल्ली समेत कई राज्यों में लोगों की तबीयत बिगड़ रही है, शरीर बढ़ता तापमान झेल नहीं पा रहा है. इसलिए आइये जानते हैं कि आखिर इंसान का शरीर कितना टेम्प्रेचर झेलने के लायक होता है.
कुछ हेल्थ एक्सपर्ट्स की माने तो एक इंसान का शरीर 37.5 डिग्री सेल्सियस तक का तापमान झेल सकता है। फिर चाहे गर्मी हो या सर्दी शरीर का इंटरनल सिस्टम तापमान को 37.5 डिग्री सेल्सियस बनाए रखने के लिए काम करता है। ज्यादा तापमान में दिमाग के बैक साइड वाला हिस्सा जिसे हाइपोथैलेमस कहा जाता है वो शरीर के अंदर के तापमान को बैलेंस करने का काम करता है. ऐसा कहा जाता है कि इंसान का शरीर 37.5 डिग्री सेल्सियस में काम काम कर सकता है.. अगर 2-4 डिग्री ऊपर और नीचे तापमान होता है तो शरीर को कई दिक्कत नहीं होती है, लेकिन ज्यादा होने पर परेशानी बढ़ सकती है.
हालांकि शरीर कितनी गर्मी झेल सकता है ये कुछ बातों पर भी निर्भर करता है.
आप कितने समय तक धूप में बाहर हैं..
पानी या पसीना हमारे शरीर से किस तरह बाहर आ रहा है.
आप धूप में बाहर कितनी देर तक क्या काम कर रहे हैं.
आपने जो कपड़े पहने हैं वो कैसे हैं और किस मटेरियल के बने हैं..
बता दें कि तेज धूप और लू से बचना है को पानी खूब पीना चाहिए.. जूस या नारियल पानी पीएं. सूरज की तेज धूप में निकलने से बचें. ह्यूमिडिटी है तो पसीना बहुत निकलता है इसलिए ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं. अगर थोड़ा सा भी बुखार, जुखाम है तो तुरंत डॉक्टर के पास जाएं.