लखनऊ : उत्तर प्रदेश के लखनऊ में कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय निषाद के एक बयान ने उत्तर प्रदेश की सियासत में नई चर्चा छेड़ दी है. संजय निषाद ने बहुजन समाज पार्टी (BSP) नेता आकाश आनंद को अपनी पार्टी में आने का न्योता दिया है। यह ऑफर ऐसे समय आया है, जब आकाश आनंद को लेकर बसपा में एक बार फिर बड़ा संगठनात्मक बदलाव हुआ है.
दरअसल, मायावती ने हाल ही में आकाश आनंद से राष्ट्रीय संयोजक की जिम्मेदारी वापस ले ली है. रिपोर्ट के मुताबिक, मायावती ने साफ किया है कि आकाश आनंद पार्टी में काम कर सकते हैं, लेकिन फिलहाल उन्हें कोई बड़ी जिम्मेदारी नहीं दी जाएगी. इससे पहले भी आकाश आनंद को पार्टी की अहम जिम्मेदारियों से हटाया जा चुका है.
इसी राजनीतिक घटनाक्रम के बीच संजय निषाद का आकाश आनंद को अपनी पार्टी में आने का ऑफर काफी अहम माना जा रहा है. निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद खुद लंबे समय से उत्तर प्रदेश की पिछड़ा और निषाद राजनीति में सक्रिय हैं. उनकी पार्टी 2016 में बनी थी और 2019 से भाजपा नेतृत्व वाले एनडीए की सहयोगी है.
संजय निषाद वर्तमान में योगी आदित्यनाथ सरकार में कैबिनेट मंत्री हैं और उत्तर प्रदेश विधान परिषद के सदस्य भी हैं. 2022 में भाजपा-नेतृत्व वाले गठबंधन की सरकार बनने के बाद उन्हें योगी मंत्रिमंडल में जगह मिली थी.
वहीं, आकाश आनंद को मायावती ने 2025 में बसपा का राष्ट्रीय संयोजक बनाया था और उन्हें पार्टी के युवा चेहरे के तौर पर आगे बढ़ाया गया था. 2027 के यूपी विधानसभा चुनाव को देखते हुए आकाश की भूमिका को महत्वपूर्ण माना जा रहा था.
अब संजय निषाद के खुले ऑफर के बाद सवाल उठ रहा है कि क्या आकाश आनंद बसपा में अपनी राजनीतिक भूमिका को लेकर कोई नया फैसला करेंगे. फिलहाल उनकी ओर से निषाद पार्टी के इस न्योते पर किसी निर्णय की जानकारी सामने नहीं आई है.