अयोध्या: राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले की जांच अब और गहरी हो गई है. अयोध्या पुलिस ने भर्ती में रिश्वतखोरी के आरोपों की जांच शुरू कर दी है. पुलिस को शक है कि मंदिर परिसर में करीब 125 लोगों की भर्ती में पैसे लिए गए थे. सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी अविनाश शुक्ला से पूछताछ के दौरान यह नया पहलू सामने आया. पुलिस अब मंदिर ट्रस्ट के एक सदस्य की भूमिका की भी जांच कर रही है, जिनका नाम बार-बार सामने आ रहा है.
क्या है आरोप?
पुलिस का मानना है कि कई उम्मीदवारों ने नौकरी पाने के लिए पैसे दिए. भर्ती के दस्तावेज, बैंक ट्रांजेक्शन, नियुक्ति पत्र और संबंधित संपत्तियों की जांच की जा रही है. कई नियुक्तियों में औपचारिक नियुक्ति पत्र या सेवा अनुबंध नहीं मिले हैं, जिससे शक और गहरा गया है. पुलिस अब ट्रस्ट के उस सदस्य से पूछताछ करने की तैयारी कर रही है, जिस पर भर्ती प्रक्रिया प्रभावित करने का आरोप है. गिरफ्तार आरोपी अनुकल्प मिश्रा और लव कुश मिश्रा (जो ट्रस्ट सदस्य के रिश्तेदार हैं) की भी इस मामले में भूमिका जांच की जा रही है.
राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े चढ़ावे की चोरी के मामले में पहले ही 8 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है. पुलिस ने करीब 80 लाख रुपए नकद और विदेशी मुद्रा बरामद की है. मामले की जांच SIT कर रही है और रिपोर्ट मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को सौंपी जा चुकी है.