मुंबई: महाराष्ट्र में विपक्षी गठबंधन महा विकास अघाड़ी (MVA) के अंदर अस्थिरता के बीच कांग्रेस और शरद पवार की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP-SP) के विलय की बातचीत शुरू हो गई है. सूत्रों के मुताबिक, दोनों पार्टियों के महाराष्ट्र इकाइयों के बीच इस पर गंभीर चर्चा चल रही है. NCP-SP की ओर से आंतरिक सहमति बनाने की कोशिश की जा रही है.
पहले भी हो चुकी थी चर्चा
राज्य स्तर पर सहमति बनने के बाद अंतिम फैसला दिल्ली में दोनों पार्टियों के शीर्ष नेतृत्व द्वारा लिया जाएगा. 2024 विधानसभा चुनाव से पहले भी कांग्रेस और NCP-SP के विलय की बातचीत हुई थी, लेकिन चुनाव प्रचार के कारण इसे टाल दिया गया था.
MVA में बढ़ रही बेचैनी
यह चर्चा ऐसे समय में हो रही है जब MVA (कांग्रेस, NCP-SP और शिवसेना-UBT) में एकता पर सवाल उठ रहे हैं. हाल ही में शिवसेना-UBT के 6 सांसद एकनाथ शिंदे गुट में शामिल हो गए, जिसके बाद उद्धव ठाकरे ने खुलकर MVA की एकता पर सवाल उठाया था. शरद पवार ने 1999 में कांग्रेस से अलग होकर NCP बनाई थी.
27 साल बाद अब विलय की चर्चा हो रही है. 2023 में अजीत पवार के NCP से अलग होने के बाद शरद पवार गुट ने अपनी अलग पहचान बनाई है. यदि विलय होता है तो महाराष्ट्र की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है.