कानपुर: उत्तर प्रदेश के कानपुर में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है. एक MBA पास युवक की बारात शादी के मंडप तक पहुंची, लेकिन फेरों से ठीक पहले सब कुछ बदल गया. दुल्हन पक्ष ने शादी से साफ इनकार कर दिया. वजह थी वर पक्ष द्वारा लाए गए दुल्हन के गहने नकली निकलना.
क्या हुआ पूरा मामला?
बर्रा क्षेत्र के कामदगिरि धर्मशाला में यह शादी समारोह चल रहा था. दुल्हन की मां, जो एक छोटे होटल में नाश्ता परोसकर परिवार चलाती हैं, अपनी बेटी के अच्छे भविष्य की उम्मीद में पनकी के रतनपुर निवासी संचित (MBA पास) से रिश्ता तय किया था. 21 अप्रैल को बारात धूमधाम से पहुची. जयमाला हो गई, बारातियों ने खूब खाना-पीना किया. फेरों की तैयारी चल रही थी कि दुल्हन पक्ष को चढ़ावे में दिए गए गहने सौंपे गए. गहनों को देखते ही दुल्हन के परिवार को शक हो गया.
उन्होंने तुरंत एक सुनार (ज्वेलर) को बुलाया जो शादी में मौजूद था. ज्वेलर ने साफ-साफ बता दिया कि सभी गहने नकली हैं, सिर्फ मंगलसूत्र ही असली सोने का है. यह सुनते ही दुल्हन पक्ष भड़क उठा. लड़की ने भी साफ मना कर दिया. परिवार का कहना था, ''जो लोग शादी से पहले ही झूठ और धोखा दे सकते हैं, वे शादी के बाद हमारी बेटी के साथ क्या-क्या नहीं कर सकते.''
दूल्हा पक्ष का बचाव और हंगामा
दूल्हे के परिवार ने गहने सोने के बताए, लेकिन ज्वेलर की पुष्टि के बाद उनकी बात नहीं चली. लड़की पक्ष ने आरोप लगाया कि दूल्हे पक्ष शुरू से ही दहेज की मांग कर रहा था, जिसे मुश्किल से पूरा किया गया. अब झूठी शान दिखाने के लिए नकली गहने चढ़ा दिए गए. मामला बढ़ता देख पुलिस को बुलाया गया. गुजैनी चौकी प्रभारी मौके पर पहुंचे. आधी रात तक लंबी पंचायत चली. दूल्हा पक्ष ने माफी मांगी और बहुत समझाने की कोशिश की, लेकिन दुल्हन और उसके परिवार अपने फैसले पर अड़े रहे.
उनका साफ कहना था कि हम अपनी बेटी ऐसे घर नहीं भेजेंगे जहां रिश्ते की नींव ही झूठ पर टिकी हो. पुलिस की मौजूदगी में दोनों पक्षों के बीच लिखित समझौता हुआ कि शादी नहीं होगी. उसके बाद दूल्हा अपनी बारात लेकर बिना दुल्हन के लौट गया. दुल्हन पक्ष ने बाद में बताया कि सोना महंगा होने के कारण उन्होंने खुद गहने नहीं बनवाए थे, लेकिन वर पक्ष से ऐसी उम्मीद नहीं थी.