पटना: बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी दिल्ली दौरे से वापस पटना पहुंच गए हैं. सूत्रों के अनुसार, उन्होंने दिल्ली से संभावित नए मंत्रियों की एक लिस्ट अपने साथ लाई है. अब बिहार में मंत्रिमंडल विस्तार की तैयारियां जोर-शोर से शुरू हो गई हैं. माना जा रहा है कि विधानसभा में फ्लोर टेस्ट पूरा होने के बाद मई के पहले सप्ताह में ही कैबिनेट का विस्तार हो सकता है.
यह यात्रा थी सीएम सम्राट चौधरी की मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली दिल्ली यात्रा. दिल्ली में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की. हालांकि इसे औपचारिक शिष्टाचार भेंट बताया गया, लेकिन राजनीतिक हलकों में इस बैठक को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है. सूत्र बताते हैं कि इस मुलाकात के दौरान बिहार सरकार के भविष्य, मंत्रिमंडल विस्तार और सत्ता के संतुलन को लेकर विस्तार से चर्चा हुई.
पुराने नेताओं की छुट्टी, नए चेहरों को मिलेगा मौका
सूत्रों का कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ने बिहार में मंत्रिमंडल विस्तार की पूरी जिम्मेदारी और समन्वय भाजपा के वरिष्ठ नेता नितिन नवीन को सौंप दिया है. इसी के तहत नए मंत्रियों के नामों पर विचार-विमर्श तेज हो गया है.
संकेत मिल रहे हैं कि इस बार के विस्तार में कई पुराने और वरिष्ठ चेहरों को कैबिनेट से बाहर किया जा सकता है. वहीं, संगठनात्मक मजबूती और आगामी चुनावी समीकरणों को ध्यान में रखते हुए नए और युवा नेताओं को प्राथमिकता दी जाएगी. कुल मिलाकर, बिहार की राजनीति में जल्द ही बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है.