सीवान: वो जमीन जो कभी शहाबुद्दीन के नाम से दहलती थी. उनके न जाने के बाद भी सियासत और बाहुबल की आग ठंडी नहीं हुई. रविवार शाम एमएच नगर थाना क्षेत्र के सेमरी गांव में एक मामूली टक्कर ने आग भड़का दी. स्कॉर्पियो में कुख्यात चंदन सिंह और उनके समर्थक सवार थे. दूसरी तरफ टेम्पो-ऑटो चालक ऐनुल हक. साइड देने को लेकर छोटा-सा झगड़ा हुआ और भीड़ इकट्ठी हो गई. ऑटो चालक के पक्ष में डब्ल्यू खान आ गए, जिसे ओसामा शहाब का करीबी माना जाता है.
कहासुनी बढ़ी और मामला पथराव तक पहुंच गया. स्थानीय लोगों ने फायरिंग का दावा भी किया है. सूचना मिलने पर जब पुलिस मौके पर पहुंची तो, भीड़ ने पुलिस पर भी हमला कर दिया, जिसमें कई जवान घायल हो गए. SP और सदर SDPO भारी बल लेकर घटना स्थल पर पहुंचे और किसी तरह घटना पर काबू पाया, लेकिन आग बुझी नहीं.
रात होते-होते दोनों तरफ से क्रॉस FIR हुई. एक तरफ चंदन सिंह का आरोप है कि कोई सड़क का झगड़ा नहीं था, बल्कि पूर्व नियोजित हत्या की साजिश थी. उन्होंने हसनपुरा थाने में लिखित शिकायत में कहा, ''रघुनाथपुर के आरजेडी विधायक ओसामा शहाब और डब्ल्यू खान राजनीतिक रंजिश में मेरी हत्या कराने की कोशिश कर रहे थे.'' दूसरी तरफ टेम्पो चालक के पक्ष ने दावा किया कि चंदन सिंह के लोगों ने ही फायरिंग की और पुलिस पर हमला किया.
पुलिस ने ओसामा शहाब, डब्ल्यू खान और चंदन सिंह के समर्थकों के खिलाफ तीन मुकदमे दर्ज किए. CCTV फुटेज, गवाहों के बयान और मोबाइल लोकेशन से सच्चाई तलाशी जा रही है. SP ने कहा कि कानून हाथ में लेने वाले किसी को नहीं बख्शेंगे. लेकिन सीवान के लोग जानते हैं, यह सिर्फ कानून की बात नहीं. यह वर्चस्व की जंग है.
शहाबुद्दीन का बेटा ओसामा शहाब 2025 के चुनाव में आरजेडी टिकट पर रघुनाथपुर से विधायक बने है और पिता की विरासत संभाल रहे हैं. स्थानीय लोग बताते हैं ओसामा का वही दबदबा, वही सियासी तूती चलती है, शहाबुद्दीन की थी.
बताते चलें कि शहाबुद्दीन की मौत के बाद सीवान में कई नए चेहरे उभरे. चंदन सिंह उनमें से एक है. इस पर हत्या, रंगदारी सहित कई गंभीर मामले दर्ज हैं. डिबी गांव का रहने वाला यह बाहुबली अब शहाबुद्दीन के इलाके में सिर उठा रहा है. सेमरी की यह टक्कर कोई संयोग नहीं लगती. पहले से चंदन सिंह और डब्ल्यू खान के बीच राजनीतिक रंजिश थी. ओसामा शहाब का नाम आने से मामला सियासी रंग पकड़ गया. पुलिस हर एंगल से मामले की जांच कर रही है.