फर्रुखाबाद: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने फर्रुखाबाद पहुंचकर बाढ़ प्रभावित 1,000 परिवारों को राहत सामग्री वितरित की. उन्होंने कहा कि उनकी सरकार बाढ़ से प्रभावित 102 गांवों के लोगों को हरसंभव सहायता देगी. बाढ़ पीड़ितों को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने कहा, ''मैं यहां आपको आश्वस्त करने आया हूं कि आपदा की इस घड़ी में आप अकेले नहीं हैं. डबल इंजन वाली एनडीए सरकार आपके साथ खड़ी है और यह सुनिश्चित करेगी कि आपकी आवश्यकताओं के अनुसार हरसंभव मदद आप तक पहुंचे.''
मुख्यमंत्री ने बाढ़ से बेघर हुए परिवारों को भूमि आवंटन प्रमाण पत्र और राज्य आपदा प्रतिक्रिया कोष से वित्तीय सहायता भी वितरित की. उन्होंने जिले की तीनों बाढ़ प्रभावित तहसीलों सदर, कायमगंज और अमृतपुर का निरीक्षण किया. योगी ने बताया कि चौबीस घंटे चलने वाले नियंत्रण कक्ष, बाढ़ चौकियां और राहत शिविर स्थापित किए गए हैं.
जिन परिवारों के घर बाढ़ में डूब गए हैं, उनके लिए भोजन और आवास की व्यवस्था की गई है. प्रभावित परिवारों को करीब 50 किलोग्राम वजन की राहत किट दी जा रही है, जिसमें चावल, आटा, आलू, दाल, तेल, मसाले, बाल्टी, रेनकोट और डिग्निटी किट जैसी करीब 50 वस्तुएं शामिल हैं.
उन्होंने कहा कि शिक्षक राहत शिविरों और गांवों में बच्चों के लिए कक्षाएं संचालित कर रहे हैं, जबकि स्वास्थ्य शिविर भी आयोजित किए गए हैं. बाढ़ के मौसम में स्वास्थ्य सुविधाओं को अलर्ट पर रखा गया है और सांप-बिच्छू के काटने के मामलों के लिए अस्पतालों में जहर रोधी दवाएं उपलब्ध कराई गई हैं.
दीर्घकालिक समाधान पर सीएम योगी ने कहा कि गंगा को खोदकर उसका प्रवाहीकरण और नदी से निकाली गई गाद का उपयोग तटबंधों को मजबूत करने में करना ही स्थायी उपाय है. इससे नदी का प्रवाह सुचारू होगा, गांवों और फसलों को बाढ़ से बचाया जा सकेगा.