मोदी सरकार ने 2025 में रोजगार से जुड़ी प्रोत्साहन योजना (Employment Linked Incentive Scheme - ELI Scheme) को लागू करने की घोषणा की है. इस योजना का उद्देश्य देश में रोजगार के अवसर बढ़ाना है. इसके तहत सरकार नियोक्ता और कर्मचारियों दोनों को लाभ प्रदान करेगी.
योजना का लाभ लेने के लिए जरूरी शर्तें
इस योजना का लाभ उठाने के लिए कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) खाताधारकों को अपने बैंक खाते, आधार और यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN) को जोड़ना अनिवार्य है. पहले यह प्रक्रिया पूरी करने की अंतिम तारीख 15 दिसंबर 2024 थी, लेकिन अब कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने इसे बढ़ाकर 15 जनवरी 2025 कर दिया है.
EPFO ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर यह जानकारी साझा की और खाताधारकों से जल्द से जल्द यह प्रक्रिया पूरी करने की अपील की है. EPFO के अनुसार, जो लोग हाल ही में किसी कंपनी में जुड़े हैं या वित्तीय वर्ष 2024-25 में नौकरी शुरू की है, उन्हें अपने बैंक खाते का आधार से लिंक करना और UAN को सक्रिय करना सुनिश्चित करना होगा.
रोजगार से जुड़ी प्रोत्साहन योजना क्या है?
इस योजना की पूरी जानकारी अभी तक सरकार ने सार्वजनिक नहीं की है, लेकिन इसका मुख्य उद्देश्य रोजगार को बढ़ावा देना है. इस योजना के तहत सरकार अगले दो वर्षों में दो करोड़ नौकरियां सृजित करने का लक्ष्य रखती है. योजना पर कुल 2 लाख करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे और 4.1 करोड़ युवाओं को रोजगार और कौशल विकास का लाभ मिलेगा.
डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के जरिए लाभ
योजना के लाभार्थियों को डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए उनके बैंक खाते में सीधा लाभ मिलेगा. इसके लिए खाताधारकों को यह सुनिश्चित करना होगा कि उनका बैंक खाता आधार से जुड़ा हो और UAN सक्रिय हो.
बैंक खाता, आधार और UAN कैसे जोड़ें?
EPFO ने अपने यूट्यूब चैनल पर एक वीडियो पोस्ट किया है जिसमें बैंक खाता, आधार और UAN को जोड़ने की प्रक्रिया समझाई गई है. इसमें बताया गया है कि कैसे यह योजना रोजगार को औपचारिक बनाने में मदद करेगी.
खाताधारकों से अपील है कि वे इस प्रक्रिया को समय पर पूरा करें और रोजगार से जुड़ी प्रोत्साहन योजना का लाभ उठाएं.