Samastipur me jabariya shadi: बिहार के समस्तीपुर से जबरिया शादी का मामला सामने आया है. मीडिया रिपोर्ट से जानकारी मिली है कि रेलवे में नौकरी मिलने के बाद प्रेमी ने प्रेमिका से शादी करने से इनकार कर दिया. जिसके बाद प्रेमिका ने ऐसा कदम उठाया, जो अब चर्चा का विषय बना हुआ है. जानकारी मिली है कि दोनों के बीच करीब 2 महीने से प्रेम संबंध था, लेकिन नौकरी मिलते ही लड़के ने दहेज की मांग कर दी. प्रेमिका ने उसे समझाने की बहुत कोशिश की, लेकिन प्रेमी नहीं माना. आखिरकार प्रेमिका को साजिश रचनी पड़ी. प्रेमिका ने बात करने के बहाने प्रेमी मंदिर बुलाया, जहां पहले से मौजूद लोगों ने उसकी जबरदस्ती शादी करा दी. पूरा मामला समस्तीपुर के विद्यापति धाम मंदिर का है.
लड़की पक्ष के लोगों ने बताया कि दोनों के बीच करीब 2 साल से संबंध थे और दोनों एक दूसरे से मिल भी रहे थे. इसी बीच लड़के की सरकारी नौकरी लग गई. लड़की के परिजनों ने आरोप लगाया है कि नौकरी मिलते ही उसके तेवर बदल गए और शादी करने के लिए 10 लाख रुपए और बुलेट बाइक की मांग कर दी. लड़की ने उसे बहुत समझाया भी, लेकिन वो अपनी बात पर अड़ा रहा, जिसके बाद लड़की को खेल करना पड़ गया.
लड़की के घरवालों ने बताया कि बार-बार समझाने के बाद जब वह नहीं माना तो लड़की ने उस बात करने के बहाने मंदिर बुलाया और शादी करने के लिए दबाव बनाया. इस दौरान दोनों के बीच कहासुनी भी हो गई. दोनों के बीच झगड़ा होता देख आस-पास के लोग जुटने लगे. तुरंत ही लोगों ने माजरे को समझ लिया. इसी बीच लड़की पक्ष के लोगों ने दोनों की जबरन शादी करवा दी. बता दें कि बिहार में इस प्रकार के मामले आते रहते हैं.
जबरिया शादी क्या है?
जबरिया शादी एक ऐसी शादी को कहते हैं जिसमें दूल्हा या दुल्हन की मर्जी के खिलाफ, जबरदस्ती या धोखे से उनकी शादी कर दी जाती है. इस तरह की शादी में अक्सर किसी एक या दोनों पक्षों पर मानसिक, भावनात्मक या शारीरिक दबाव डालकर शादी के लिए मजबूर किया जाता है. कई बार इसे सामाजिक दबाव, परिवार की प्रतिष्ठा, आर्थिक कारणों, या दहेज के लेन-देन से भी जोड़ा जाता है. भारत के कुछ हिस्सों में, विशेष रूप से बिहार और उत्तर प्रदेश में, इसे "पकड़वा विवाह" के नाम से भी जाना जाता है, जहां कुछ मामलों में दुल्हन के परिवार वाले दूल्हे का अपहरण करके जबरन उसकी शादी करवा देते हैं. यह एक गैरकानूनी और अमानवीय प्रथा है और कानूनन इसे अपराध माना गया है.