Jyoti Malhotra: ज्योति मल्होत्रा पाकिस्तान में शादी करना चाहती थी, ये बात उसकी वायरल चैट से पता चली है, वायरल चैट का एक पेज और उसकी डायरी के तीन पेज हम आपको दिखाते हैं, इन चारों में 4 बड़े खुलासे हुए हैं. पहले वो पढ़िए, फिर बताते हैं ज्योति घर जब पुलिस गई तो उसे टूटा हुआ फोन जो मिला, उससे क्या-क्या पता चला.
खुलासा नंबर 1
ये ज्योति की चैट है, जिसमें वो अली हसन नाम के व्यक्ति से बात कर रही है, इसमें हसन अली लिखता है जो यार मेरे दिल से दुआं निकलती है, हमेशा आप खुश रहो, इंशाअल्लाह आप हमेशा हंसती-खेलती रहें. कभी कोई गम न आए. जिसके जवाब में ज्योति मल्होत्रा लिखती है पाकिस्तान में शादी करा दो मेरी. जिस अली हसन से उसकी चैट वायरल हुई है, वो पाकिस्तान का ISI एजेंट है, और जब पाकिस्तान गई थी तो अली से उसकी मुलाकात दानिश ने करवाई थी. अली ने ये भी पूछा था कि आपको कोई प्रोटोकॉल मिला या नहीं, जिसके जवाब में ज्योति ने कहा था नहीं, जबकि एक पाकिस्तानी पुलिसकर्मी ज्योति को ट्रेन में चाय पकड़ाते देखा गया था.
खुलासा नंबर 2
ये ज्योति की डायरी का पेज है, जिसमें लिखा है 10 दिन की पाकिस्तान की यात्रा कर वापस अपने घर आ गई हूं. इस दौरान पाकिस्तान की आवाम से काफी मोहब्बत मिली, हमारे सब्सक्राइबर और दोस्त भी हमसे मिलने आए. लाहौर घूमने के लिए मिला, लेकिन दो दिन का वक्त काफी कम था. इसके साथ ही सरहदों की दूरियों पर भी ज्योति ने लिखा है कि ये दूरियां पता नहीं कब तक रहेंगी? इसके साथ ही उसने लिखा है कि सरहद की दूरियां जब खत्म होंगी तब होती रहेंगी, लेकिन दिलों के गिले शिकवे मिट जाने चाहिए. क्योंकि हम सब एक ही धरती और मिट्टी के हैं. पाकिस्तान सरकार से गुजारिश है कि भारत के गुरुद्वारों और मंदिरों के लिए और रास्ते खोले जाएं.
खुलासा नंबर 3
ये ज्योति की डायरी का दूसरा वायरल पेज है, जिसमें लिखा पाकिस्तानी सरकार सहूलियत पैदा करे कि हिंदू लोग भी वहां एंजॉय कर पाएं. वहां के मंदिरों को भी खोलें. और अपने परिवार के लोग जो 1947 में बिछड़ गए थे, उनसे मिल पाएं. पाकिस्तान की यात्रा क्रेजी, रंगीन और शब्दों से परे रही.
खुलासा नंबर 4
ये पन्ना ज्योति मल्होत्रा के हिसार वाले घर से पुलिस को मिला है, जिसमें लिखा है सविता को कहना फ्रूट ला दे, घर का ख्याल रखे, मैं जल्दी आ जाऊंगी. एक महीने की पैनटॉप डी, गुप्ता अंकल की दवाई ला दे. लव यु खुशमुश, मतलब मैं तुमसे प्यार करती हूं खुशमिजाज. अब सवाल ये भी है कि ज्योति ने इस लैटर को कब लिखा? लैटर में लिखे गए फ्रूट और दवाइयों वाले शब्द का मतलब यही है या फिर ये कोई कोड लैंग्वेज है, जिसमे इसन किसी को लिए कोई संदेश छोड़ा था. जांच इजेंसियां अब इन शब्दों के सही मायने निकालने में भी जुटी हुई हैं.
लेकिन हैरानी की बात ये है कि ज्योति मल्होत्रा के पिता का हरीश का कहना है कि कई कागजात जांच के बाद हिसार पुलिस ने हमें लौटा दिए, घर से ज्योति के कपड़े, लैपटॉप, टूटा मोबाइल और कई चीजें ये लोग ले गए. एक दिन ज्योति से पूछताछ की थी, और अगले दिन कहा था थाने आ जाना, वो खुद स्कूटी चलाकर थाने गई थी, अगर गलत होती तो क्यों जाती. अब इस खुलासे के बाद आप क्या कहेंगे.