चंडीगढ़: हरियाणा सरकार ने सरकारी नौकरियों की पात्रता नियमों में बड़ा बदलाव किया है. अब तिब्बती शरणार्थियों तथा पाकिस्तान, बर्मा (म्यांमार), श्रीलंका और पूर्वी अफ्रीकी देशों से भारत आए भारतीय मूल के लोगों को हरियाणा में सरकारी नौकरी नहीं मिलेगी. हरियाणा लोक सेवा आयोग (HPSC) में नौकरी की पात्रता मुख्य रूप से भारतीय नागरिकों और नेपाल-भूटान के नागरिकों तक सीमित कर दी गई है.
कैबिनेट का फैसला
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में हरियाणा लोक सेवा आयोग (राज्य सेवा समूह-सी) विनियम 2002 में संशोधन को मंजूरी दी गई. इन संशोधनों का उद्देश्य नव-सृजित ग्रुप-सी पदों को शामिल करना और मौजूदा प्रावधानों को नवीनतम सरकारी नियमों के अनुरूप बनाना है. नए नियमों के अनुसार, HPSC में नौकरी के लिए केवल भारतीय नागरिक तथा नेपाल और भूटान के नागरिक पात्र होंगे. नेपाल और भूटान के नागरिकों को सरकार द्वारा जारी पात्रता प्रमाणपत्र मिलने पर ही नियुक्ति दी जा सकेगी.
अन्य महत्वपूर्ण बदलाव
अनुशासनात्मक मामलों और अपील संबंधी प्रावधानों को भी हरियाणा सिविल सेवा (दंड एवं अपील) नियम, 2016 के अनुरूप कर दिया गया है. यह निर्णय सरकारी नौकरियों में पात्रता को और स्पष्ट तथा सीमित करने की दिशा में उठाया गया कदम माना जा रहा है.