Espionage against the country: मथुरा के औरंगाबाद इलाके में एक हैरान करने वाली घटना सामने आई है, जिसमें एक महिला पर देश-विरोधी गतिविधियों का आरोप लगाया गया है. गाजियाबाद की कौशांबी पुलिस ने संदेह के आधार पर महादेव नगर कॉलोनी की रहने वाली मीरा ठाकुर (जिन्हें हरिया के नाम से भी जाना जाता है) को हिरासत में ले लिया है.
पुलिस के मुताबिक, यह महिला ई-रिक्शा चलाने का काम करती थी और नगर निगम से रूट भी आवंटित था. वह मुख्य रूप से रिफाइनरी क्षेत्र से टैंक चौराहे तक वाहन चलाती थी. टैंक चौराहा सैन्य छावनी इलाके के पास होने के कारण सुरक्षा की दृष्टि से काफी संवेदनशील माना जाता है. जांच के दौरान उसके मोबाइल फोन में मथुरा के कई महत्वपूर्ण और प्रतिबंधित जगहों की तस्वीरें मिली हैं, जिससे जासूसी संबंधी शक और मजबूत हुआ है.
स्थानीय लोगों के अनुसार, मीरा करीब तीन साल पहले यहां रहने आई थी और उसने छोटा सा प्लॉट लेकर घर बनाया था. पड़ोस में उसे 'हरिया' कहकर बुलाया जाता था. लगभग आठ महीने पहले उसके पति मुकेश से झगड़ा हो गया था, जिसके बाद दोनों अलग-अलग रहने लगे. उनकी दो छोटी बेटियां (7 और 10 साल की) अभी अपनी नानी के पास हैं. इलाके के लोग बताते हैं कि वह आमतौर पर मिलनसार व्यवहार करती थी और खुद को अकेली मां बताकर रिक्शा चलाने का काम करती थी, लेकिन कुछ लोगों को उसकी दिनचर्या में कुछ अजीब बातें भी नजर आई थीं.
मीरा का पिछले कुछ समय का रिकॉर्ड भी साफ नहीं है. साल 2025 में दिल्ली पुलिस ने उसे महाराष्ट्र से हथियारों की तस्करी के एक मामले में पकड़ा था. बताया जाता है कि उसके कुछ संपर्क मुंबई में किसी बड़े व्यक्ति से रहे हैं, जिन्होंने पहले जमानत कराने में मदद की थी. पड़ोसियों का कहना है कि वह कमजोर आर्थिक स्थिति वाले युवाओं को अपने साथ जोड़ने की कोशिश करती थी. उसके एक साथी रवि (ऑटो ड्राइवर) फिलहाल जेल में बंद है.
लगभग दस दिन पहले चार-पांच लोगों ने एक कार से आकर मीरा को साथ ले गए थे. उसके बाद से घर पर ताला लगा हुआ है. अब पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि मथुरा में और कितने ई-रिक्शा या ऑटो चालक इस तरह की गतिविधियों से जुड़े हो सकते हैं. सुरक्षा एजेंसियां उसके फोन के डेटा, कॉन्टैक्ट्स और मुंबई वाले संपर्कों की गहराई से पड़ताल कर रही हैं.
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए लोकल इंटेलिजेंस यूनिट (एलआईयू) भी सक्रिय हो गई है. पड़ोसियों, परिवारजनों और अन्य रिक्शा चालकों से पूछताछ चल रही है. रूट की जांच, सीसीटीवी फुटेज और अन्य सबूतों को खंगाला जा रहा है ताकि पूरी सच्चाई सामने आ सके. यह पूरा मामला अभी जांच के अधीन है और पुलिस आगे की जानकारी जुटा रही है.