चेन्नई: तमिलनाडु के मुख्यमंत्री जॉसेफ विजय के नेतृत्व वाली सरकार ने सरकारी स्कूलों को राजनीतिक प्रभाव से पूरी तरह मुक्त करने का अहम कदम उठाया है. स्कूल शिक्षा विभाग ने एक सर्कुलर जारी कर साफ कर दिया है कि अब सरकारी स्कूलों के क्लासरूम में राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं या किसी भी निजी व्यक्ति के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा.
सर्कुलर के अनुसार, स्कूल केवल शिक्षा के केंद्र रहेंगे. राजनीतिक नेताओं की तारीफ या उनके जन्मदिन जैसे कार्यक्रम अब स्कूल परिसर में नहीं होंगे. स्कूल शिक्षा मंत्री राज मोहन द्वारा जारी इस आदेश में कहा गया है कि सिर्फ आधिकारिक सरकारी कार्यक्रमों में चुने हुए प्रतिनिधियों को ही स्कूल और क्लासरूम में प्रवेश की अनुमति होगी.
सरकार का स्पष्ट संदेश है कि “स्कूल सीखने की जगह हैं, किसी की प्रशंसा करने की जगह नहीं.” सभी कार्यक्रमों में निष्पक्षता और शैक्षिक प्रासंगिकता का पालन अनिवार्य होगा. विभाग जल्द ही स्कूलों में कार्यक्रम आयोजित करने के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी करने वाला है. रकार का मानना है कि इस कदम से छात्रों का ध्यान सिर्फ पढ़ाई पर केंद्रित रहेगा और स्कूल राजनीतिक प्रभाव से मुक्त रहेंगे.
यह फैसला तमिलनाडु के स्कूल शिक्षा क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन के बीच आया है. यूनिफाइड डिस्ट्रिक्ट इंफॉर्मेशन सिस्टम फॉर एजुकेशन (UDISE) की हालिया रिपोर्ट के मुताबिक, राज्य राष्ट्रीय औसत से काफी बेहतर आंकड़े दर्ज कर रहा है. राज्य में शून्य ड्रॉपआउट दर, बेहतर टीचर-स्टूडेंट अनुपात और उच्च नामांकन दर इसकी ताकत बनी हुई है. स