मेरठ में एक मसाज पार्लर के नाम पर देह व्यापार का धंधा चल रहा था, जिसे पुलिस ने छापेमारी करके उजागर किया. यह घटना मेडिकल थाना क्षेत्र में स्थित "सीज़र फैमिली मसाज पार्लर" की है, जो सीसीएसयू के सामने स्थित है. लंबे समय से यहां मसाज के नाम पर अतिरिक्त सेवाओं का प्रस्ताव दिया जा रहा था, और इस तरह देह व्यापार का धंधा चल रहा था. पुलिस को इस बारे में एक सूचना मिली थी, जिसके बाद उन्होंने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करने का निर्णय लिया.
पुलिस ने की छापेमारी
पुलिस ने इस गोरखधंधे को उजागर करने के लिए एक टीम बनाई, जिसका नेतृत्व सीओ सिविल लाइंस अभिषेक तिवारी कर रहे थे. पुलिस ने इसके लिए स्थानीय मुखबिरों की मदद ली और मसाज पार्लर के आसपास खुफिया निगरानी की. जैसे ही भीड़ इकट्ठी हुई, पुलिस ने कार्रवाई की. मौके पर पहुंचते ही पुलिस को 16 लोग अप्राकृतिक अवस्था में मिले, जिसमें महिलाएं और पुरुष अलग-अलग कमरों में थे. पुलिस ने तुरंत सभी को पुलिस स्टेशन ले जाकर पूछताछ शुरू की.
देह व्यापार के गोरखधंधे का खुलासा
मसाज पार्लर के अंदर ग्राहकों को अतिरिक्त सेवाओं की पेशकश की जाती थी, जो देह व्यापार के रूप में परिवर्तित हो चुकी थी. वहां कोड वर्ड्स का इस्तेमाल किया जाता था, ताकि ग्राहक और आपूर्तिकर्ता के बीच यह छिपा रहे. मसाज पार्लर में एक "महिलाओं की एल्बम" भी रखी जाती थी, जिसमें विभिन्न महिलाओं की तस्वीरें होती थीं, और ग्राहकों को उन तस्वीरों के आधार पर चुनने का विकल्प मिलता था. कई ग्राहक फोन पर महिलाओं को बुलाते थे, जबकि कुछ महिलाएं पहले से ही वहां मौजूद होती थीं.
पुलिस ने की कड़ी कार्रवाई
इस मामले को लेकर मेरठ के एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने कहा कि पुलिस ने पूरी कार्रवाई की है. पुलिस ने कुल 9 महिलाओं और 7 पुरुषों को गिरफ्तार किया है, जो आपत्तिजनक स्थिति में पाए गए थे. पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और DVR भी जब्त किए हैं और अब मामले की पूरी जानकारी एकत्रित की जा रही है. पुलिस यह भी पता करने की कोशिश कर रही है कि इस गैंग में कौन-कौन लोग शामिल हैं और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.