Income Tax Refund में ये हो सकती है देरी की वजह... इन उपायों से करें समस्या का समाधान

Global Bharat 30 Aug 2024 07:20: PM 2 Mins
Income Tax Refund में ये हो सकती है देरी की वजह... इन उपायों से करें समस्या का समाधान

31 जुलाई, 2024 को आयकर रिटर्न यानी ITR फाइनल करने की अंतिम तारीख समाप्त हो चुकी है. इस साल 7.28 करोड़ से अधिक करदाताओं ने निर्धारित समय सीमा के अंदर अपना ITR दाखिल किया, जो पिछले साल की तुलना में 7.5% ज्यादा है.  हालांकि, 23 अगस्त तक आयकर विभाग ने इन रिटर्न में से 5.34 करोड़ की प्रक्रिया पूरी कर ली है. इनमें से कुछ टैक्स पयेर्स को ITR फाइल करने के कुछ ही दिनों बाद रिफंड प्राप्त हो गया, जबकि कई लोगों को अब भी अपने रिफंड का इंतजार है.

फिलहाल, 2 करोड़ से अधिक ऐसे लोग है जिन्हे अपने ITR रिफंड का इंतजार है और इसमें काफी देरी हो रही है. और अगर आपके भी ITR रिफंड में देरी हो रही है तो आपके मन में भी सवाल तो काफी आ रहे होंगे कि आखिर ऐसा होता क्यों है? तो चलिए खबर में आपको ITR रिटर्न से जुड़ी तमाम जानकारी देते हैं और बताते हैं आयकर रिफंड में देरी की देरी के क्या-क्या कारण होते हैं.

  • 1. कागजी कार्रवाई में गलती: ITR फाइल करते समय जानकारी में गलती होना, जैसे बैंक डिटेल्स, PAN नंबर या अन्य जानकारियों में गलती, रिफंड में देरी का कारण बन सकता है.
  • 2. ऑडिट या स्क्रूटिनी: कुछ मामलों में आयकर विभाग द्वारा रिटर्न की गहन जांच की जाती है, जिससे प्रक्रिया में समय लगता है और रिफंड में देरी होती है.
  • 3. प्रक्रियात्मक देरी: वेरिफिकेशन या अन्य प्रक्रियाओं में विभागीय देरी भी एक कारण हो सकता है.  

ITR प्रोसेसिंग में लगने वाला समय
  
आमतौर पर ITR की प्रोसेसिंग 30 से 45 दिनों के भीतर पूरी हो जाती है. लेकिन कभी-कभी, अगर कोई जानकारी या दस्तावेज़ अधूरे हैं, तो यह समय और बढ़ सकता है.  अगर आपका रिफंड अटका है, तो क्या करें? अगर आपका रिफंड अटका हुआ है, तो ये कदम उठाए जा सकते हैं...

  • 1. आईटीआर स्थिति की जांच करें: सबसे पहले, आयकर विभाग की वेबसाइट पर जाकर अपने ITR की स्थिति की जांच करें. वहां आपको यह पता चल जाएगा कि आपका ITR किस स्थिति में है. 
  • 2. गलतियों को सुधारें: यदि आपके ITR में कोई गलती है, तो तुरंत उसे सुधारें और फिर से उसे सबमिट करें. 
  • 3. आयकर विभाग से संपर्क करें: आप आयकर विभाग के हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करके या ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से अपनी शिकायत दर्ज कर सकते हैं.
  • 4. फॉलो-अप करें: अगर आपकी शिकायत दर्ज हो चुकी है, तो समय-समय पर फॉलो-अप करना सुनिश्चित करें ताकि आपकी समस्या का जल्द समाधान हो सके.  

उम्मीद है कि इस जानकारी से आपको आयकर रिफंड में हो रही देरी के कारण और इसे हल करने के तरीकों के बारे में समझने में मदद मिलेगी. समय पर सही जानकारी और दस्तावेज़ जमा करने से आप इन समस्याओं से बच सकते हैं.

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