वाशिंगटन/तेहरान: अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक विवादित कदम उठाया है. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का नक्शा शेयर कर उसे ‘New U.S. Territory’ यानी अमेरिका का नया क्षेत्र करार दिया. ट्रंप ने इससे पहले दावा किया था कि अमेरिका का इस जलमार्ग पर पूरा नियंत्रण है और ईरान को आत्मसमर्पण का सफेद झंडा उठाने को कहा था.
फॉक्स न्यूज से बातचीत में उन्होंने ओमान को भी सीधी चेतावनी दी. उन्होंने कहा कि अगर अमेरिका-ईरान समझौते के रास्ते में ओमान रुकावट बनता है, तो अमेरिका ओमान पर भारी बमबारी करने से पीछे नहीं हटेगा. वहीं, ईरान ने साफ इनकार कर दिया है. ईरानी संसद के अध्यक्ष और मुख्य वार्ताकार मोहम्मद बागेर गालिबाफ ने कहा कि जब तक अमेरिका जून में हुए समझौता ज्ञापन (MoU) के तहत अपनी प्रतिबद्धताएं पूरी नहीं करता, तब तक होर्मुज स्ट्रेट नहीं खोला जाएगा.
ईरान की मुख्य शर्तें हैं—अमेरिकी नौसैनिक नाकाबंदी तुरंत हटाना, ईरानी तेल निर्यात पर लगे प्रतिबंध खत्म करना और विदेशों में जब्त संपत्तियों को अनफ्रीज करना. गालिबाफ ने चेतावनी दी कि ईरान किसी भी सैन्य दुस्साहस का करारा जवाब देने के लिए तैयार है.
ट्रंप की नाराजगी का एक बड़ा कारण यह भी है कि ईरान और ओमान अमेरिका को दरकिनार कर वैकल्पिक नौवहन समझौते पर बातचीत कर रहे हैं. दोनों देशों ने सुरक्षित मार्ग के निर्देशांक तय कर लिए हैं और संयुक्त बयान का प्रारूप तैयार किया जा रहा है.
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया का सबसे अहम तेल मार्ग है. वैश्विक कच्चे तेल का करीब 20 प्रतिशत हिस्सा इसी रास्ते से गुजरता है. फरवरी में शुरू हुए संघर्ष के बाद से यहां जहाजों की आवाजाही पर गंभीर असर पड़ा है. इस विवाद से अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार में कीमतें और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है.