कोई OTP नहीं, कोई समस्या नहीं: अहमदाबाद गैंग ने Aadhaar चेक को बायपास करने के लिए AI डीपफेक का किया इस्तेमाल

Amanat Ansari 30 Apr 2026 02:52: PM 2 Mins
कोई OTP नहीं, कोई समस्या नहीं: अहमदाबाद गैंग ने Aadhaar चेक को बायपास करने के लिए AI डीपफेक का किया इस्तेमाल

Cyber ​​Crime News: अहमदाबाद पुलिस साइबर क्राइम ब्रांच ने बुधवार को चार लोगों को गिरफ्तार किया, जिन पर आरोप है कि उन्होंने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल करके एक बिजनेसमैन का डीपफेक वीडियो बनाया और Aadhaar बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन को बायपास कर बिना OTP अलर्ट ट्रिगर किए फ्रॉडुलेंट लोन ट्रांजेक्शन किया.

यह मामला तब सामने आया जब शहर के एक इंपोर्ट-एक्सपोर्ट कारोबारी ने देखा कि दो दिनों से उसके बैंक से OTP नहीं आ रहे हैं. शक होने पर उन्होंने पुलिस से संपर्क किया. जांच के दौरान पता चला कि व्यक्ति के Aadhaar से लिंक मोबाइल नंबर बिना OTP वेरिफिकेशन के बदल दिया गया था और उनके बायोमेट्रिक डेटा के साथ छेड़छाड़ की गई थी.

जांचकर्ताओं ने यह भी पाया कि उनके नाम पर एक बैंक अकाउंट खोला गया था और उससे ₹25,000 का लोन ले लिया गया. पुलिस को यह भी पता चला कि गैंग ने बिजनेसमैन के DigiLocker अकाउंट तक पहुंच बनाने की कोशिश की थी ताकि स्टोर किए गए दस्तावेज निकाले जा सकें.

अधिकारियों के अनुसार, गैंग ने गूगल के Gemini AI टूल का इस्तेमाल करके पीड़ित का डीपफेक वीडियो तैयार किया, जिसका इस्तेमाल Aadhaar बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन को बायपास करने और रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर बदलने के लिए किया गया. इससे सारे OTP उन नंबर पर आने लगे जो आरोपीयों के कंट्रोल में था.

बिजनेसमैन के Aadhaar नंबर और अन्य पर्सनल डेटा का इस्तेमाल करके गैंग ने तीन बैंकों में e-KYC के जरिए अकाउंट खोलने की कोशिश की. उनमें से Jio Payments Bank में उन्हें सफलता मिली, जिसके जरिए उन्होंने ₹25,000 का लोन ले लिया.

गिरफ्तार किए गए एक व्यक्ति का काम Common Service Centre (CSC) में था, जिसने कथित तौर पर Aadhaar सिस्टम और आधिकारिक किट्स तक अपनी पहुंच का दुरुपयोग करके मोबाइल नंबर बदलने की प्रक्रिया को अंजाम दिया.

जांचकर्ताओं ने कहा कि उन्होंने इस फ्रॉड में इस्तेमाल की गई विधि की परिष्कृतता (sophistication) को देखकर हैरानी जताई.
चारों गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कनुभाई परमार, आशीष वनंद, मोहम्मद कैफ पटेल और दीप गुप्ता के रूप में हुई है.

यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब कुछ दिन पहले ही वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शीर्ष बैंक अधिकारियों के साथ उच्च-स्तरीय बैठक की थी, जिसमें देश के बैंकिंग सिस्टम पर तेजी से आगे बढ़ रही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस टूल्स के बढ़ते जोखिम पर चर्चा की गई थी.

बैठक में मुख्य रूप से Anthropic के Claude Mythos मॉडल से जुड़े साइबर सुरक्षा खतरों पर ध्यान केंद्रित किया गया था, जो हाल ही में अनधिकृत एक्सेस की रिपोर्ट्स के बाद सुर्खियों में आया है.

Cyber ​​Crime Cyber ​​Fraud AI Cyber ​​Fraud Ahmedabad Cyber ​​Crime Ahmedabad News

Recent News