नई दिल्ली: पश्चिमी विक्षोभों की एक श्रृंखला उत्तरी भारत में बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारों का पैटर्न शुरू करने वाली है, जो बढ़ती गर्मी से बहुत जरूरी राहत लाएगी. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) और मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, यह बदलाव वसंत जैसी स्थितियों की वापसी का संकेत देता है, जिसमें तापमान मार्च के बाकी दिनों में और अप्रैल में भी सामान्य से नीचे रहने की उम्मीद है. मौसम विभाग ने कहा कि इस दौरान 70 की स्पीड से हवा चल सकती है.
क्या भारत में वसंत वापस आएगा?
मौसम तक के संस्थापक और किसान तक के प्रमुख मौसम व्लॉगर देवेंद्र त्रिपाठी ने रविवार, 15 मार्च से मौसम पैटर्न में महत्वपूर्ण बदलाव की ओर इशारा किया है. मौसम विशेषज्ञ ने कहा कि रविवार को जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के पहाड़ी राज्यों में बारिश और बर्फबारी की संभावना है. यह गतिविधि मैदानी इलाकों तक फैलने की उम्मीद है, जिसमें पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और उत्तर प्रदेश तथा राजस्थान के कई जिले शामिल हैं.
IMD ने 15, 16 और 17 मार्च को पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र और आसपास के मैदानी इलाकों में अलग-अलग गरज-चमक, बिजली, तेज हवाओं के साथ-साथ ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की है. स्वतंत्र मौसम विशेषज्ञ नवदीप दहिया ने कहा कि हवा में असंतुलन दक्षिणी और पूर्वी भारत में प्री-मानसून बारिश का कारण बनेगा. इस लंबे नम पैटर्न से संकेत मिलता है कि भारत को कम से कम 15-20 अप्रैल तक गंभीर हीटवेव से बचने में मदद मिल सकती है.
अलग-अलग क्षेत्र कैसे प्रभावित होगी?
देवेंद्र त्रिपाठी ने समझाया कि जबकि उत्तरी भारत में बारिश की तैयारी हो रही है, बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी ओडिशा, छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र में बादल छाए रहने और हल्की बारिश का कारण बनेगी. पूर्वी भारत में बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल के राज्यों में बारिश होने की संभावना है, जबकि पूर्वोत्तर राज्यों अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में भारी बारिश हो सकती है.
उन्होंने कहा कि तापमान में थोड़ी गिरावट आई है और मध्य प्रदेश तथा गुजरात जैसे कुछ स्थानों पर गर्मी से राहत मिल सकती है. राहत के बावजूद, देवेंद्र त्रिपाठी ने किसानों के लिए चुनौतियों की चेतावनी दी, क्योंकि प्री-मानसून बारिश के साथ ओलावृष्टि और तेज हवाएं खड़ी फसलों के लिए जोखिम पैदा कर सकती हैं. IMD के अनुसार, 18 मार्च के आसपास एक नया पश्चिमी विक्षोभ आने की उम्मीद है, जो इस ठंडक के रुझान को देश भर में और बढ़ाएगा.