नई दिल्ली: दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने पूर्व JNUSU अध्यक्ष और SFI नेता आइशी घोष के खिलाफ गैर जमानती वॉरंट पर अस्थायी रोक लगा दी है. जज विजयश्री राठौर ने यह अंतरिम राहत देते हुए फैसला सुनाया. कल दिल्ली पुलिस ने CPI(M) के AK गोपालन भवन पहुंचकर आइशी घोष को 2021 के एक मामले में गिरफ्तार करने की कोशिश की थी, जिसके बाद CJP ने सरकार को चेतावनी दी थी कि अगर ऐशे के साथ कुछ हुआ तो अभूतपूर्व आंदोलन होगा.
CJP प्रवक्ता आशुतोष रांका ने सोशल मीडिया पर लिखा था, "अगर आइशी घोष के साथ कुछ हुआ तो सरकार पहले जैसा आंदोलन कभी नहीं देखेगी. हमारे टीम को परेशान करना बंद करो, अपना वादा निभाओ."
इस मुद्दे पर संसद में भी हंगामा हुआ. CPI(M) सांसद जॉन ब्रिटास ने राज्यसभा में पुलिस कार्रवाई की निंदा की, जबकि विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने अमित शाह पर हमला बोला. आइशी घोष CJP के नेतृत्व वाले जंतर-मंतर छात्र आंदोलन में सक्रिय रही हैं. कोर्ट ने अंतरिम राहत देते हुए मामले की आगे की सुनवाई तय की है.