पूर्व मंत्री सुनील शर्मा (Sunil Sharma) को रविवार को जम्मू-कश्मीर भाजपा विधायक दल का नेता चुना गया और वह जम्मू-कश्मीर विधानसभा में विपक्ष के नेता की भूमिका निभाने के लिए तैयार हैं. भाजपा ने केंद्र शासित प्रदेश में विधानसभा चुनाव में रिकॉर्ड 29 सीटें हासिल कीं. बता दें कि बीजेपी पहली बार 2015 में पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी के साथ सरकार बनाने में सफल रहीं थी और सरकार जून 2018 तक बनी रही.
इसी के साथ मुख्य विपक्षी दल के रूप में उभरी भाजपा को पहली बार जम्मू-कश्मीर में विपक्ष का नेता मिलेगा. 47 वर्षीय शर्मा विधानसभा में दूसरे कार्यकाल के लिए चुने गए, उन्होंने केंद्र शासित प्रदेश में 2022 के परिसीमन प्रक्रिया के बाद स्थापित एक नव निर्मित निर्वाचन क्षेत्र पडर नागसेनी से मामूली अंतर से जीत हासिल की. भाजपा नेता का मुकाबला नेशनल कॉन्फ्रेंस की अपनी निकटतम प्रतिद्वंद्वी पूजा ठाकुर से था, जो जिला विकास परिषद (डीडीसी) किश्तवाड़ की मौजूदा अध्यक्ष हैं. भारत के चुनाव आयोग के अनुसार, सुनील शर्मा ने पूजा ठाकुर के खिलाफ पैडर-नागसेनी सीट पर 1546 वोटों से जीत दर्ज की.
सुनील शर्मा ने 2014 के विधानसभा चुनाव में किश्तवाड़ निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया था. उन्होंने विज्ञान और प्रौद्योगिकी के साथ-साथ परिवहन राज्य मंत्री के रूप में स्वतंत्र प्रभार के रूप में कार्य किया. उन्होंने 12वीं कक्षा तक की शिक्षा पूरी की है और उनका रिकॉर्ड साफ-सुथरा है, उन पर कोई आपराधिक मामला लंबित नहीं है. उन्हें जम्मू-कश्मीर में पार्टी के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने का श्रेय भी दिया जाता है, खासकर अगस्त 2019 में अनुच्छेद 370 को निरस्त किए जाने के बाद.
शर्मा भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व के साथ घनिष्ठ संबंध रखते हैं, जिसके कारण उन्हें विधानसभा चुनावों में अन्य पार्टी उम्मीदवारों के लिए प्रचार करने की जिम्मेदारी लेनी पड़ी. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित कई केंद्रीय नेताओं ने उनके समर्थन में एक रैली की, जहां शाह ने मतदाताओं से अपील करते हुए कहा था कि उन्हें विधायक बनाओ और हम उन्हें बड़ा आदमी बना देंगे.
हलफनामे के अनुसार, शर्मा की कुल संपत्ति 3.7 करोड़ रुपए है, जिसमें 68.7 लाख रुपए की चल संपत्ति और 3 करोड़ रुपए की अचल संपत्ति शामिल है, जबकि देनदारियां 3.1 लाख रुपए हैं. इस बीच, पार्टी ने घोषणा की है कि उसके नेता नरिंदर सिंह जम्मू-कश्मीर विधानसभा में डिप्टी स्पीकर पद के लिए उम्मीदवार होंगे.