उत्तर प्रदेश में ISI से जुड़े मॉड्यूल का भंडाफोड़, रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाने की साजिश; आगजनी की प्लानिंग उजागर

Amanat Ansari 04 Apr 2026 01:01: PM 1 Mins
उत्तर प्रदेश में ISI से जुड़े मॉड्यूल का भंडाफोड़, रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाने की साजिश; आगजनी की प्लानिंग उजागर

UP ATS arrested four suspects: उत्तर प्रदेश में रेलवे यातायात को बाधित करने और बड़े पैमाने पर आतंक फैलाने की एक संदिग्ध आतंकी साजिश को नाकाम कर दिया गया है. जांच एजेंसियों ने पाकिस्तान स्थित हैंडलर्स और विदेश से फंडिंग वाले एक बड़े नेटवर्क के लिंक का खुलासा किया है. यूपी एंटी-टेररिस्ट स्क्वॉड (ATS) ने चार संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, जिनमें मेरठ का एक मुख्य आरोपी भी शामिल है, जो सीधे ISI हैंडलर के संपर्क में था.

जांचकर्ताओं के शुरुआती निष्कर्षों के अनुसार, इस गिरोह की योजना लखनऊ रेलवे स्टेशन के पास एक रेलवे सिग्नल बॉक्स को निशाना बनाने की थी. योजना में सिग्नल सिस्टम में आग लगाकर ट्रेन मूवमेंट को बाधित करना और संभावित रूप से बड़ा हादसा कराने का प्लान था, जिससे जान-माल की हानि और व्यापक आतंक फैलने का खतरा था.

विदेशी हैंडलर और फंडिंग का ट्रेल

मुख्य आरोपी साकिब उर्फ डेविल (मेरठ निवासी) पाकिस्तान स्थित ISI हैंडलर के सीधे संपर्क में था. जांच के अनुसार, साकिब को विदेश से फंड भेजे गए, जिसके बाद उसने पैसे को गिरोह के अन्य सदस्यों में बांट दिया. अधिकारियों के मुताबिक, हैंडलर Google लोकेशन की स्क्रीन रिकॉर्डिंग शेयर करता था, जिसके बाद आरोपी निशाने वाले स्थानों की फोटो और वीडियो वापस भेजते थे.

महत्वपूर्ण जगहों की रेकी

गिरोह ने लखनऊ, गाजियाबाद और मेरठ समेत कई शहरों में रेकी की थी. मुख्य प्रतिष्ठानों और वाहन शोरूमों की फोटो व वीडियो तैयार कर उन्हें शेयर किया गया था, जो विस्तृत प्लानिंग का संकेत देता है. रेलवे तोड़फोड़ के अलावा आरोपी आगजनी की भी योजना बना रहे थे. जांचकर्ताओं का मानना है कि गिरोह गैस सिलेंडर ले जा रहे ट्रकों को निशाना बनाने और वाहन शोरूमों में आग लगाने की तैयारी कर रहा था, ताकि आर्थिक नुकसान हो और बड़े पैमाने पर अफरा-तफरी मचे.

रेडिकलाइजेशन और भर्ती

अधिकारियों के अनुसार, आरोपी ऑनलाइन प्रोपगैंडा से प्रभावित और प्रेरित थे. पाकिस्तान स्थित हैंडलर ने उन्हें भड़काने के लिए ओसामा बिन लादेन, फरहतुल्लाह घोरी, कश्मीर मुजाहिदीन और ग़ज़वा-ए-हिंद जैसे नामों का इस्तेमाल किया. दो आरोपी लोकेश उर्फ पपला और विकास उर्फ रौनक, साकिब के सोशल मीडिया पोस्ट्स (जिनमें हथियार दिखाए गए थे) देखकर उसके संपर्क में आए थे.

तीसरा आरोपी अरबाब भी हैंडलर के संपर्क में था. सभी चारों आरोपियों को आगे पूछताछ के लिए UP ATS रिमांड पर लेने जा रही है. अधिकारियों ने एक सप्ताह की कस्टडी मांगी है. रिमांड अर्जी पर सुनवाई स्पेशल NIA ATS कोर्ट में होने वाली है.

UP ATS ISI module Lucknow railway plot Meerut terror suspect Saqib ISI funding India