देहरादून: बद्रीनाथ धाम में भक्तों के चढ़ावे और दान की कथित चोरी के मामले में उत्तराखंड पुलिस की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) को बड़ी कामयाबी मिली है. मामले के मुख्य आरोपी प्रमोद नौटियाल को देहरादून से गिरफ्तार कर लिया गया है. नौटियाल बद्रीनाथ मंदिर में चढ़ावा और दान अधिकारी के पद पर तैनात थे. SIT ने रविवार रात करीब 8 बजे देहरादून से उन्हें गिरफ्तार किया और चमोली ले जाया गया. उन्हें गोपेश्वर जिला अदालत में पेश किया जाएगा.
गिरफ्तारी से पहले उन्हें बद्रीनाथ स्थित सरकारी अस्पताल में मेडिकल जांच के लिए ले जाया गया. मामला 2 जुलाई के बाद सामने आया था, जब मंदिर में चढ़ावे की अनियमितताओं की शिकायतें मिलीं. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह के निर्देश पर जांच शुरू हुई. 8 जुलाई को बद्रीनाथ पुलिस स्टेशन में बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के सदस्य युधवीर की शिकायत पर FIR दर्ज की गई.
पुलिस ने CCTV फुटेज खंगाला, जिसमें नौटियाल पर चढ़ावा चुराने का आरोप लगा. इसी सबूत के आधार पर SIT ने देहरादून में छापेमारी कर उन्हें गिरफ्तार किया. छापेमारी के दौरान उनके पास से शालिग्राम शिला और एक लैपटॉप बरामद हुआ, हालांकि अभी नकदी नहीं मिली है. पूछताछ में नौटियाल ने सभी आरोपों से इनकार किया है.
पुलिस अब आरोपी की रिमांड लेकर चोरी गए पैसे का trail ट्रेस करने और अन्य संदिग्धों की भूमिका की जांच करने वाली है. इस घटना पर उत्तराखंड में राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है. भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने चढ़ावे की कथित चोरी को महापाप बताया और कहा कि दोषी किसी भी स्तर का हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा.
वहीं कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोडियाल ने जांच पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि आरोपी पर दबाव बनाया जा रहा है ताकि दूसरे लोगों के नाम न खुलें. बद्रीनाथ जैसे पवित्र धाम में भक्तों के विश्वास के साथ छेड़छाड़ का यह मामला पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बना हुआ है. SIT की जांच जारी है और आगे और बड़े खुलासे की संभावना जताई जा रही है.