नई दिल्ली : ब्राजील ने अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन से जुड़े दो अधिकारियों को वीजा जारी करने से इनकार कर दिया है. मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, इन अधिकारियों की योजना ब्राजील का दौरा करने की थी, जहां वे देश की चुनावी व्यवस्था की विश्वसनीयता और पारदर्शिता से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करने वाले थे. हालांकि, ब्राजील सरकार ने इस यात्रा को मंजूरी नहीं दी और दोनों अधिकारियों को वीजा देने से इंकार कर दिया.
रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, शनिवार को मामले से जुड़े दो ब्राजीलियाई अधिकारियों ने गोपनीयता की शर्त पर इस फैसले की पुष्टि की. अधिकारियों का कहना है कि सरकार का मानना है कि किसी दूसरे देश के प्रतिनिधियों द्वारा ब्राजील की चुनावी प्रक्रिया पर सार्वजनिक रूप से सवाल उठाना उसकी संप्रभुता और लोकतांत्रिक संस्थाओं के लिए उचित नहीं माना जा सकता.
बताया जा रहा है कि प्रस्तावित यात्रा के दौरान ये अधिकारी चुनाव प्रणाली की विश्वसनीयता, इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों और चुनावी पारदर्शिता जैसे मुद्दों पर बातचीत करने वाले थे. ब्राजील पहले भी अपनी इलेक्ट्रॉनिक मतदान प्रणाली का बचाव करता रहा है और चुनाव आयोग लगातार यह कहता आया है कि देश की चुनाव प्रक्रिया सुरक्षित, विश्वसनीय और अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप है.
हालांकि, ब्राजील सरकार ने इस मामले पर आधिकारिक रूप से विस्तृत बयान जारी नहीं किया है. वहीं, अमेरिकी पक्ष की ओर से भी इस फैसले पर तत्काल कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.
विशेषज्ञों का मानना है कि यह घटनाक्रम दोनों देशों के बीच कूटनीतिक संबंधों में नई चर्चा को जन्म दे सकता है. फिलहाल यह मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर पर राजनीतिक और राजनयिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है, जबकि दोनों देशों की ओर से आगे की प्रतिक्रिया पर सबकी नजर बनी हुई है.