सुल्तानपुर: अयोध्या जिले के कुमारगंज थाने की पुलिस टीम पर उस समय हमला हो गया जब वह सुल्तानपुर के हलियापुर थाना क्षेत्र के डोभियारा गांव में एक जानलेवा हमले के आरोपी को गिरफ्तार करने सिविल ड्रेस में दबिश देने पहुंची थी.
गुरुवार सुबह करीब 7 बजे कुमारगंज थाने के दो सब-इंस्पेक्टर अकील हुसैन, भानु प्रताप शाही और हेड कांस्टेबल उमेश गौतम गांव के लाला का पुरवा मजरे में पहुंचे थे. वहां वारंटी सुभाष उर्फ अंशुमान के भाई दशरथ सिंह और परिजनों ने पुलिस टीम पर अचानक लाठी-डंडों से हमला बोल दिया. तीनों पुलिसकर्मियों को बुरी तरह पीटा गया.
हमले के दौरान उप निरीक्षक अकील हुसैन की सरकारी रिवॉल्वर और मोबाइल फोन छीन लिया गया. गंभीर रूप से घायल तीनों पुलिसकर्मी इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती हैं.
दरअसल, 14 नवंबर को राहुल मिश्रा नाम के युवक पर डोभियारा` गांव में ही सुभाष उर्फ अंशुमान और उसके साथी आदर्श सिंह ने जान से मारने की नीयत से गोली चलाई थी. राहुल बाल-बाल बच गया था. इसी मामले में सुभाष फरार चल रहा था और उसके खिलाफ कोर्ट से गैर-जमानती वारंट जारी हुआ था.
वारंट तामील करने गई पुलिस टीम पर हमले की खबर मिलते ही सुल्तानपुर पुलिस हरकत में आ गई. सीओ बल्दीराय आशुतोष कुमार के नेतृत्व में कई थानों की फोर्स मौके पर पहुंची. दशरथ सिंह के घर से दो महिलाओं को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है.
पुलिस ने दशरथ सिंह सहित पांच नामजद और चार अज्ञात लोगों के खिलाफ लोक सेवक पर हमला, सरकारी हथियार छीनना, मारपीट और सरकारी कार्य में बाधा जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है. इलाके में बड़े पैमाने पर दबिश चल रही है और जल्द ही सभी आरोपी पकड़े जाने का दावा किया जा रहा है.
पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि पुलिसकर्मियों पर इस तरह का हमला बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों को किसी भी कीमत पर गिरफ्तार किया जाएगा.