नई दिल्ली: समाजवादी पार्टी की नेता डिंपल यादव का पुरुषों को लेकर एक बयान सोशल मीडिया पर तेजी के साथ वायरल हो रहा है. जिसमें वह कह रही हैं कि मेरा मानना है कि भगवान ने पहले पुरुषों को बनाया, क्योंकि पहली बार बनाने में कुछ न कुछ गलती रह ही जाती है. दरअसल, डिंपल यादव इस बात का जवाब दे रही थी कि पहले पुरुष आए फिर महिलाएं.
एक महिला सम्मान समारोह के दौरान लखनऊ में डिंपल यादव ये सब बोल रहीं थी. उन्होंने महिलाओं की भूमिका को बहुयामी बताया और कहा, ''महिलाएं एक परिवार में जन्म लेती हैं और फिर दूसरे परिवार में जाकर उसे संभालती हैं. इस बीच वे अगर पेशेवर जीवन में प्रवेश करती हैं, तो वे न केवल अपने परिवार का ख्याल रखती हैं, बल्कि अपने सपनों को भी साकार करती हैं.''
डिंपल यादव आगे कहती हैं ''समाज में महिलाओं की समानता की बातें बहुत होती हैं, लेकिन वास्तव में अभी भी भेदभाव हो रहे हैं.'' उन्होंने कहा कि हम कहते हैं कि समाज में समानता है, लेकिन सही मायनों में यह कहीं नहीं दिखती है. डिंपल ने कहा कि समाज में आज भी पुरुषों के सपनों को अधिक महत्व दिया जाता है, जबकि महिलाओं के सपनों को उतनी तवज्जो नहीं दी जाती. भले ही वह किसी भी परिवार की महिला क्यों न हो, कहीं न कहीं उन्हें हमेशा साइडलान किया जाता है.
डिंपल यादव ने महिलाओं को लेकर समाज के रवैये पर भी सवाल खड़ा किया. उन्होंने कहा कि महिलाएं जब अपनी बात को मुखर होकर कहती हैं, अपने विचारों को खुलकर प्रस्तुत करती हैं, तो समाज में उन पर सवाल उठाए जाते हैं. समाज ऐसी महिलाओं को "आउटस्पोकन" कहते हैं. जबकि पुरुषों के अच्छे कामों को हमेशा समर्थन और सराहना दी जाती है. उन्हें समाज से पूरा बैकअप और समर्थन प्राप्त होता है.
डिंपल यादव आगे कहती हैं... ''पुरुषों की उपलब्धियों को बहुत बड़ा बनाकर दिखाया जाता है, लेकिन महिलाओं को सेम स्तर पर पहचान नहीं जाती है. डिंपल यादव ने कार्यक्रम में मौजूद महिलाओं को उनकी उपलब्धियों के लिए कहा, आज आप सब यहां उपस्थित हैं क्योंकि आपने अपने प्रोफेशन में एक मुकाम हासिल कर समाज में अपना लोह मनवाया है. इसके लिए मैं आपको तहे दिल से बधाई देना चाहती हूं.