लखनऊ : गुटखा कंपनियों का प्रचार करने के मामले में उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण के द्वारा हाईकोर्ट में समय से जवाब न दिए जाने पर सख्त रुख अपनाया है. हाई कोर्ट ने प्राधिकरण पर जुर्माना लगाते हुए याचिकाकर्ता को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है. हाईकोर्ट के द्वारा प्राधिकरण से पूछा गया था कि करीब 3 वर्षों से दाखिल प्रत्यावेदन अभी तक लंबित क्यों किया गया है. इस पर प्राधिकरण के अधिवक्ता ने हालकनामा तैयार कर जल्द कोर्ट में दाखिल करने की बात कहीं. हालांकि, हाईकोर्ट जवाब से संतुष्ट नहीं हुआ, जहां 55 सौ का जुर्माना प्राधिकरण के ऊपर लगाया है. जुर्माना याचिकाकर्ता को देने के लिए हाईकोर्ट ने निर्देश दिया है.
उपभोक्ता संरक्षण परिषद में अधिवक्ता मोतीलाल यादव ने 2023 में वादा दाखिल किया था. वाद में गुटखा कंपनियों के साथ ही अभिनेता अमिताभ बच्चन, अक्षय कुमार, शाहरुख खान, अजय देवगन, सलमान खान, टाइगर श्रॉफ, ऋतिक रोशन व क्रिकेटरों में कपिल देव, सुनील गावस्कर, वीरेंद्र सहवाग व क्रिस गेल आदि को पक्षकार बनाया है. यशिका में कहां गया है कि यह सभी हस्ती है पान मसाला कंपनियों का खुलेआम प्रचार कर रही है गुटखा कंपनियों के प्रचार में उनके विज्ञापनों से समाज में गलत संदेश जाता है. यह कानून का उल्लंघन भी है.
55 सौ का लगाया जुर्माना
वाद लंबित होने पर अधिवक्ता ने हाई कोर्ट में अपील की थी. हाई कोर्ट में अपील करने के बाद प्राधिकरण की ओर से जवाब मांगा गया था. हाई कोर्ट ने पूछा था कि आखिर 2023 में याचिकाकर्ता की ओर से दाखिल प्रत्यावेदन अभी तक क्यों लंबित है. जांच क्यों पूरी नहीं हुई. प्राधिकरण की ओर से उपस्थित अधिवक्ता ने बताया कि हलफनामा लगभग तैयार हो चुका है और जल्द ही दाखिल किया जाएगा. हालांकि, प्राधिकरण के जवाब से असंतुष्ट हाईकोर्ट ने 55 सौ रुपये का जुर्माना लगाया है. यह जुर्माना याचिकाकर्ता को देने का निर्देश दिया है.