छत्रपति संभाजीनगर: जंतर-मंतर पर सफल आंदोलन चलाने वाले कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) प्रमुख अभिजीत दीपके को अब अपने ही कथित समर्थकों का विरोध झेलना पड़ रहा है. महाराष्ट्र में उनके घर पर चल रही कोर टीम की बैठक के दौरान घर के बाहर दो युवाओं ने प्रदर्शन किया और एक ने अनिश्चितकालीन अनशन शुरू कर दिया.
गुजरात के अहमदाबाद से आए मनीष और राहुल पांड्या ने दावा किया कि वे जंतर-मंतर आंदोलन के सक्रिय वॉलेंटियर थे, लेकिन बैठक में उन्हें आमंत्रित नहीं किया गया. मनीष ने अनशन पर बैठते हुए कहा कि हमें दूसरा अरविंद केजरीवाल नहीं चाहिए.
आंदोलन पूरे देश का था, चचेरे भाई-दोस्त बैठकर आगे का रास्ता तय नहीं कर सकते. दो दिनों तक चली बैठक में अभिजीत दीपके को CJP का राष्ट्रीय संयोजक बनाया गया और अन्य को जिम्मेदारियां सौंपी गईं. प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि जमीनी स्तर के वॉलेंटियर्स को दूर रखा गया.
उन्होंने संगठन को लोकतांत्रिक तरीके से चलाने की मांग की. इस बीच अभिजीत दीपके ने कहा कि CJP अगले महीने ‘क्या बोलती पब्लिक’ मुहिम शुरू करेगी. पार्टी दबाव समूह के रूप में काम करेगी और शिक्षा व बेरोजगारी के मुद्दों पर फोकस करेगी.