नई दिल्ली: 9 जून 2025 को मेघालय में हनीमून (Honeymoon in Meghalaya) के दौरान लापता हुई इंदौर की एक महिला सोनम रघुवंशी (Sonam Raghuvanshi) को अपने पति राजा रघुवंशी की हत्या के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया है. पुलिस ने सोनम को उत्तर प्रदेश के गाजीपुर से हिरासत में लिया. इस सनसनीखेज मामले ने सभी को चौंका दिया है. मेघालय पुलिस ने बताया कि सोनम ने अपने पति की हत्या की साजिश रची थी और इसके लिए उसने किराए के हत्यारों को रखा था. अब तक इस मामले में सोनम सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि एक अन्य संदिग्ध अभी फरार है.
सोनम और 28 वर्षीय राजा रघुवंशी (Raja Raghuvanshi), जो हाल ही में शादीशुदा थे, मेघालय के सोहरा (चेरापूंजी) क्षेत्र में हनीमून के लिए गए थे. 23 मई को दोनों के लापता होने की खबर मिली थी. 2 जून को राजा का क्षत-विक्षत शव मेघालय के एक गहरे खड्ड में मिला. पुलिस ने बताया कि उनकी किराए की स्कूटी सोहरारिम में छोड़ी हुई पाई गई, जो मावलाखियात के पार्किंग स्थल से कई किलोमीटर दूर थी. स्कूटी की चाबी भी उसी में लगी थी, जिसने पुलिस को संदेह पैदा किया. पुलिस सूत्रों के अनुसार, सोनम ने अपने परिवार को फोन करके अपनी जानकारी दी.
परिवार ने तुरंत इंदौर पुलिस को सूचित किया, जिसके बाद इंदौर पुलिस ने गाजीपुर पुलिस से संपर्क किया. गाजीपुर पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए सोनम को गिरफ्तार कर लिया. अब इंदौर पुलिस की एक टीम उसे हिरासत में लेने के लिए गाजीपुर रवाना हो चुकी है. मेघालय की पुलिस महानिदेशक इदाशीशा नोंग्रांग ने पुष्टि की कि सोनम ने अपने पति की हत्या की साजिश रची थी.
उसने मध्य प्रदेश के तीन किराए के हत्यारों को इस काम के लिए रखा था. इन तीनों को भी गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि एक अन्य संदिग्ध की तलाश जारी है. एक स्थानीय टूरिस्ट गाइड ने पुलिस को बताया कि लापता होने के दिन सोनम और राजा को तीन अज्ञात लोगों के साथ देखा गया था. इस सुराग ने जांच को हत्या की ओर मोड़ दिया. पुलिस ने बताया कि सोनम ने हत्यारों के साथ मिलकर राजा को खड्ड में धकेलने की योजना बनाई थी.
राजा की हत्या के बाद सोनम गाजीपुर भाग गई थी. यह जांच अभी भी जारी है कि इस साजिश के पीछे उसका मकसद क्या था. पुलिस यह भी पता लगा रही है कि क्या कोई निजी विवाद या अन्य कारण इस अपराध के पीछे था. मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा ने इस मामले में पुलिस की तेजी की सराहना की. उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, "मेघालय पुलिस ने राजा हत्याकांड में सात दिनों के भीतर बड़ी सफलता हासिल की है.
मध्य प्रदेश के तीन हमलावरों को गिरफ्तार किया गया, महिला ने आत्मसमर्पण कर दिया, और एक अन्य हमलावर को पकड़ने के लिए अभियान जारी है. मेघालय पुलिस को बधाई." इस त्वरित कार्रवाई ने पुलिस की सक्रियता और समन्वय को दर्शाया. यह घटना समाज में शादीशुदा रिश्तों और विश्वास पर सवाल उठाती है. एक नवविवाहित जोड़ा, जो हनीमून के लिए एक खूबसूरत जगह पर गया था, उसकी कहानी इतने भयानक तरीके से खत्म होगी, यह किसी ने नहीं सोचा था. यह मामला न केवल व्यक्तिगत त्रासदी है, बल्कि यह भी दिखाता है कि अपराधी कितनी बेरहमी से योजनाएं बना सकते हैं.
सोशल मीडिया पर लोग इस घटना पर हैरानी और गुस्सा जाहिर कर रहे हैं. कानूनी रूप से, सोनम और अन्य आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की हत्या और साजिश की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है. अगर अपराध साबित हुआ, तो उन्हें कड़ी सजा हो सकती है. पुलिस इस मामले में और सबूत जुटा रही है, ताकि सभी दोषियों को सजा मिल सके. इस मामले की जाँच से और तथ्य सामने आएंगे.
पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि सोनम ने अपने पति की हत्या की साजिश क्यों रची. क्या यह वैवाहिक विवाद था, आर्थिक मसला था, या कोई और कारण? यह घटना समाज के लिए एक चेतावनी है कि रिश्तों में विश्वास और संवाद की कमी कितनी खतरनाक हो सकती है. साथ ही, यह पुलिस और प्रशासन के लिए एक सबक है कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए और सतर्कता बरतने की जरूरत है.