नई दिल्ली: बॉलीवुड अभिनेत्री काजोल की छोटी बहन तनीषा मुखर्जी अपने एक बेबाक बयान को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चा के केंद्र में आ गई हैं। 48 वर्ष की उम्र में भी अविवाहित तनीषा ने शादीशुदा पुरुषों के साथ प्रेम संबंध रखने वाली महिलाओं और ऐसे पुरुषों के चरित्र पर तीखा हमला बोला है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर साझा किए गए अपने विचार में उन्होंने साफ कहा कि किसी विवाहित पुरुष के साथ रिश्ता रखने वाली महिला खुद को नारीवादी (फेमिनिस्ट) नहीं कह सकती।
तनीषा ने अपने पोस्ट में लिखा कि ऐसी महिलाएं फेमिनिस्ट होने का दावा भले करें, लेकिन वास्तव में वे दूसरी महिलाओं के खिलाफ ही खड़ी होती हैं। उन्होंने तर्क दिया कि किसी के पति के साथ संबंध बनाना सीधे तौर पर उसकी पत्नी का घोर अपमान करना है। अभिनेत्री ने न केवल महिलाओं को बल्कि पुरुषों को भी बराबर का जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि ऐसे पुरुष पूरी तरह चरित्रहीन होते हैं। वहीं, जो महिलाएं शादीशुदा मर्दों के पीछे भागती हैं, वे पूरी तरह दुष्ट प्रवृत्ति की होती हैं और समाज या बच्चों के लिए कभी रोल मॉडल नहीं बन सकतीं।
तनीषा के इस कड़े बयान के सामने आते ही इंटरनेट पर तीखी बहस छिड़ गई है। कई उपयोगकर्ताओं ने उनके इस विचार का खुलकर समर्थन किया और कहा कि किसी का घर तोड़ना कभी भी नारीवाद का हिस्सा नहीं हो सकता।
वहीं दूसरी तरफ, कुछ यूजर्स ने उन्हें आड़े हाथों लेते हुए सवाल खड़े किए। एक यूजर ने लिखा कि शादीशुदा रिश्ते में वफादारी निभाने की पहली जिम्मेदारी पुरुष की होती है, क्योंकि उसने शादी की कसमें खाई होती हैं, न कि किसी सिंगल महिला ने। कुछ ट्रोल्स ने फिल्म इंडस्ट्री के पुराने रिश्तों और उनके परिवार तक को इस विवाद में घसीटने की कोशिश की। हालांकि, कई लोगों ने यह भी माना कि किसी व्यक्ति की व्यक्तिगत राय के लिए उसके परिवार को निशाना बनाना बिल्कुल गलत है।