कभी गाड़ी के टायरों में भरकर तो कभी शराब को किसी सामान में छिपाकर बिहार में खूब तस्करी की जा रही है, लेकिन ऐसा पहली बार हुआ जब किसी ट्रेन से शराब तस्करी का सीक्रेट तहखाना मिला है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही सनसनी फैल गई, लोग कानून-व्यवस्था और शराब तस्करों की सोच पर सवाल उठाने लगे.
It started raining liquor bottles in Bihar bound Satyagrah express after a portion of the panel above the washroom collapsed. Concealment in trains are the most common form of trafficking of illicit liquor in dry Bihar. pic.twitter.com/bnGjihoqQ1
— Piyush Rai (@Benarasiyaa) April 4, 2026
पूरा मामला 3 अप्रैल का बताया जा रहा है. जब दिल्ली के आनंद विहार से बिहार के रक्सौल जा रही ट्रेन नंबर 15274, सत्याग्रह एक्सप्रेट में अचानक ट्रेन की छत से बारिश होने लगी. शुरुआत में लोगों को लगा कि ये बारिश की बूंदे हो सकती है, लेकिन जब उससे दुर्गंध आने लगी तो लोगों ने इसकी सूचना आरपीएफ के जवानों को दी. और उसके बाद कोच नंबर S-4 के बाथरूम के पास आरपीएफ के जवान पहुंचकर जांच करते हैं.
जांच में चौंकाने वाला खुलासा
जांच में पता चलता है ट्रेन की छत से बारिश नहीं बल्कि शराब की बूंदे टपक रही थी, छत के पास एक सीक्रेट तहखाना बनाया गया था, जिसमें शराब की कई बोतलें रखी गई थीं, चूंकि ये ट्रेन बिहार जा रही थी, इसलिए ये सवाल भी उठने लगे कि शराब तस्करों ने आखिर ट्रेन में इस तरीके का एक्सेस कैसे हासिल कर लिया, आखिर वो ट्रेन की छत में किसकी मदद से ऐसा सीक्रेट तहखाना बनाकर शराब ले जा रहे थे. अब तक इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है. लेकिन पुलिस जांच में जुटी हुई है.
टूटी बोतलों से खुला खेल
अगर ये शराब की बोतलें ट्रेन की तेज रफ्तार से टूटती नहीं, ट्रेन की छत से इनका रिसाव नहीं होता, तो शायद इसका खुलासा हो भी नहीं पाता, और ट्रेन के जरिए दिल्ली से बिहार शराब की बोतलें पहुंच जाती, जहां मनमाने दाम पर तस्कर इसको बेचते. पर एक गलती ने उनकी पोल खोल दी, और अब उन लोगों का पता लगाया जा रहा है, जिन्होंने ट्रेन को शराब तस्करी का अड्डा बनाया, पर सवाल ये भी है कि आखिर उन लोगों का साथ इस घटना में किसने दिया.