पुणे/गोवा: दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का अंतिम संस्कार उनकी अंतिम इच्छा के अनुसार पुणे के डोंजे गांव स्थित उनके फार्महाउस पर किया जाएगा. महाराष्ट्र सरकार ने उन्हें पूर्ण राजकीय सम्मान देने का फैसला किया है. नाम फाउंडेशन के सीईओ गणेश थोरात के अनुसार, नाना पाटेकर का पार्थिव शरीर गोवा से दोपहर बाद (करीब 5 बजे तक) पुणे पहुंचेगा. वहां अंतिम दर्शन के बाद फार्महाउस परिसर में ही अंतिम संस्कार संपन्न होगा.
कुछ रिपोर्ट्स में शाम 4 बजे का समय भी बताया गया है. महाराष्ट्र के सांस्कृतिक मामलों के मंत्री आशीष शेलार ने ऐलान किया कि नाना पाटेकर के मराठी नाटक, मराठी और हिंदी सिनेमा में अतुलनीय योगदान को देखते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस सरकार ने उनके अंत्यसंस्कार “शासकीय इतमामात” (पूर्ण राजकीय सम्मान) के साथ कराने का निर्णय लिया है.
यह फार्महाउस पुणे के खड़कवासला/सिंहगढ़ रोड के पास डोंजे में स्थित करीब 27 एकड़ का प्रॉपर्टी है, जहां नाना पाटेकर खेती करते थे और सादा जीवन जीते थे. उन्होंने पहले ही अपनी अंतिम यात्रा के लिए लकड़ी रख छोड़ी थी और अक्सर कहा करते थे कि वे यहीं अंतिम संस्कार चाहेंगे.
नाना पाटेकर का गुरुवार सुबह गोवा के डोना पाउला स्थित निवास पर कार्डियक अरेस्ट से निधन हो गया था. वे 75 वर्ष के थे. उनका यह अंतिम संस्कार न सिर्फ उनके सिनेमाई योगदान का सम्मान होगा, बल्कि किसानों और गांव से उनके गहरे जुड़ाव को भी दर्शाएगा.