कोलकाता : पश्चिम बंगाल की राजनीति में बारानगर से एक नया विवाद सामने आया है, जहां तृणमूल कांग्रेस टीएमसी के पार्षद शांतनु मजूमदार उर्फ मेजो को कथित जबरन वसूली और दबाव बनाकर किरायेदार बसाने के आरोप में पुलिस ने गिरफ्तार किया है. बारानगर नगरपालिका के वार्ड नंबर-14 से जुड़े इस मामले ने स्थानीय स्तर पर राजनीतिक हलचल तेज कर दी है. पुलिस ने मंगलवार रात कार्रवाई करते हुए शांतनु के साथ उनके भाई सागर मजूमदार को भी हिरासत में लिया.
आरोप है कि शांतनु मजूमदार ने अपने परिचित लोगों को एक स्थानीय महिला के फ्लैट में जबरन किरायेदार के रूप में रखवाया. महिला का दावा है कि इस दौरान उसकी इच्छा के खिलाफ दबाव बनाया गया और जब किरायेदारी को लेकर विवाद बढ़ा तो समाधान कराने के नाम पर उससे लगातार पैसे लिए गए. शिकायतकर्ता के अनुसार, 2024 से 2026 के बीच अलग-अलग किश्तों में करीब 70 हजार रुपये वसूले गए.
महिला ने पुलिस को बताया कि विवाद सुलझाने के लिए बुलाई गई बैठक भी एक सुनियोजित दबाव रणनीति का हिस्सा थी. जब उसे लगा कि उसके साथ अन्याय हो रहा है, तब उसने सीधे पुलिस से संपर्क किया. शिकायत के आधार पर बाली थाने की पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की.
शांतनु मजूमदार का नाम इससे पहले भी विवादों में रहा है. 2024 के बारानगर विधानसभा उपचुनाव के दौरान उन पर विपक्षी उम्मीदवार तन्मय भट्टाचार्य के साथ कथित मारपीट और अशांति फैलाने के आरोप लगे थे. ऐसे में मौजूदा गिरफ्तारी ने उनके राजनीतिक रिकॉर्ड पर नए सवाल खड़े कर दिए हैं. फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है और यह जानने की कोशिश कर रही है कि क्या इस तरह की वसूली और दबाव का कोई बड़ा नेटवर्क सक्रिय था.