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...ये हैं 2014 बैच की IFS ऑफिसर निधि तिवारी, जो अब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की प्राइवेट सेक्रेटरी यानि निजी सचिव बन गई हैं, जिनकी नियुक्ति की ख़बर 29 मार्च को तब सामने आई, जब डिपार्टमेंट ऑफ पर्सनल एंड ट्रेनिंग की ओर से ये लेटर जारी किया गया, जिसमें लिखा है कि IFS ऑफिसर निधि तिवारी जो फिलहाल प्रधानमंत्री कार्यालय में डिप्टी सेक्रेटरी के पद पर हैं. उन्हें पीएम की प्राइवेट सेक्रेटरी बनाने का फैसला कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने लिया है.
इसके लिए इन्हें पे मेट्रिक्स 12 के हिसाब से सैलरी मिलेगी, को-टर्मिनस यानि सह अवधि या अगले आदेश तक वो इस पद पर बनी रहेंगी. जिसका मतलब ये हुआ कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कार्यकाल तक ये सेक्रेटरी बनी रहेंगी, और इस पद के लिए इन्हें करीब 2 लाख रुपये की सैलरी दी जाएगी, लेकिन सवाल ये है कि आखिर ये इतने बड़े पद पर पहुंची कैसे. तो जरा इनका पूरा प्रोफाइल देखिए फिर बताते हैं निधि तिवारी को ही क्यों चुना गया.
जानकार बताते हैं विदेश मामलों पर निधि तिवारी की ऐसी पकड़ है कि बड़े-बड़े दिग्गज भी इनकी नीति सुनकर दंग रह जाते हैं, पहले से ही एस जयशंकर जैसे दिग्गज अधिकारी विदेश मंत्री हैं, और अब नए युवा अधिकारियों का साथ बड़ा बदलाव ला सकता है, ये भी बड़ी बात है कि पहली बार पीएम मोदी की प्राइवेट सेक्रेटरी के तौर पर किसी IFS यानि इंडियन फॉरेन सर्विस के अधिकारी को रखा गया है, वरना इनसे पहले पीएम मोदी के प्राइवेट सेक्रेटरी विवेक कुमार, हार्दिक सतीशचंद्र शाह और संजीव कुमार जैसे IAS अधिकारी बने, पर पहली बार पीएम मोदी ने विदेश सेवा के अधिकारी को अपना सचिव बनाने का फैसला लिया, जिसका मतलब ये भी हो सकता है कि भारत विदेश नीति को लेकर कुछ बड़ा करने जा रहा है. निधि तिवारी की इस नियुक्ति से न सिर्फ पूरा उत्तर प्रदेश बल्कि पूरा देश गदगद है, हर कोई उन्हें अपने-अपने तरीके से बधाई दे रहा है, पर इसी के साथ ये भी जान लीजिए कि करीब दो लाख रुपये महीने सैलरी लेने वाली निधि तिवारी क्या-क्या करेंगी.
ये काम अब बनारस की बिटिया निधि तिवारी के जिम्मे है, जिसकी एक बधाई तो बनती है.