नई दिल्ली: सोने की चमक फीकी पड़ गई है. अंतरराष्ट्रीय बाजार में जून महीने में सोना करीब 13% टूट गया, जो अक्टूबर 2008 के बाद सबसे बड़ी मासिक गिरावट है. भारत में भी MCX पर 10 ग्राम सोना अपने चरम (Rs 1,92,991) से करीब Rs 50,600 (26%+) नीचे आकर Rs 1,42,413 के आसपास पहुंच गया है. विशेषज्ञों के मुताबिक, अमेरिका में ऊंची ब्याज दरों की उम्मीद, मजबूत डॉलर और मुद्रास्फीति के चलते निवेशक सुरक्षित निवेश से दूर हो रहे हैं. सोना ब्याज नहीं देता, इसलिए ऊंची दरों में इसकी आकर्षकता कम हो जाती है.
गिरावट के मुख्य कारण
क्या अब खरीदें?
Augmont की रिसर्च हेड डॉ. रेनिशा चैनानी के अनुसार, गिरावट के बाद सोना आकर्षक स्तर पर है, लेकिन जल्दबाजी न करें. अमेरिकी नौकरी डेटा और PMI रिपोर्ट इस हफ्ते महत्वपूर्ण, अगर कमजोर आई तो सोना $4,100-$4,150 तक जा सकता है. मजबूत डेटा आने पर $4,000 के सपोर्ट टूट सकता है. लंबी अवधि में फेड की नीति, डॉलर की ताकत और पश्चिम एशिया की स्थिति पर निर्भर करेगा.
एक बार में पूरा निवेश न करें. SIPs, गोल्ड ETF, Sovereign Gold Bonds या डिजिटल गोल्ड के जरिए व्यवस्थित तरीके से खरीदारी बेहतर विकल्प हो सकती है. निवेश से पहले किसी योग्य वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें.