आईपीएल 2025 के मेगा ऑक्शन में एक चौंकाने वाली खबर सामने आई जब राजस्थान रॉयल्स ने 13 साल के युवा क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी को 1.10 करोड़ रुपये में खरीदा. क्रिकेट जगत में यह खबर जंगल की आग की तरह फैल गई, क्योंकि वैभव की उम्र को लेकर कई सवाल उठने लगे थे. कुछ लोग उन्हें महज 15 साल का मान रहे थे, जबकि इस नीलामी के बाद वैभव को लेकर एक उम्र धोखाधड़ी का विवाद भी शुरू हो गया था.
हालांकि, वैभव के पिता संजीव सूर्यवंशी ने इस विवाद पर खुलकर अपनी बात रखी. उन्होंने कहा कि वैभव को जब वह आठ साल के थे, तो बीसीसीआई द्वारा बोन टेस्ट (हड्डियों का परीक्षण) कराया गया था, ताकि उनकी वास्तविक उम्र का पता चल सके. संजीव ने यह भी बताया कि वैभव ने भारत की अंडर-19 टीम के लिए अपनी शुरुआत की थी, और यदि जरूरत पड़ी तो वह फिर से यह टेस्ट करा सकते हैं. बीसीसीआई खिलाड़ियों की उम्र निर्धारित करने के लिए बोन टेस्ट का उपयोग करता है, ताकि कोई भी धोखाधड़ी न हो.
वैभव सूर्यवंशी बिहार के समस्तीपुर जिले का रहने वाला है और घरेलू क्रिकेट में बिहार का प्रतिनिधित्व करता है. इस साल, उसने रणजी ट्रॉफी में मुंबई के खिलाफ अपना फर्स्ट क्लास मैच खेला था, जिसमें उसने 100 रन बनाए और एक विकेट भी लिया. इसके बाद, 2024 में सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में राजस्थान के खिलाफ वैभव ने अपना टी20 डेब्यू किया, हालांकि पहले मैच में वह सिर्फ 13 रन ही बना पाए.
वैभव के पिता संजीव सूर्यवंशी ने कहा कि उनका बेटा क्रिकेट के प्रति जुनून रखता है, लेकिन वह केवल खेलना चाहता है, न कि किसी विवाद का हिस्सा बनना. उन्होंने यह भी बताया कि पहले वैभव डोरेमॉन देखता था, लेकिन अब क्रिकेट ही उसकी पहली पसंद बन गया है.
वैभव सूर्यवंशी की आईपीएल में एंट्री ने यह साबित कर दिया कि भारत में क्रिकेट का जुनून हर उम्र के लड़कों में होता है. हालांकि, उनके लिए यह सफर आसान नहीं होगा, लेकिन राजस्थान रॉयल्स के साथ उन्हें भारतीय क्रिकेट के दिग्गज राहुल द्रविड़ से सीखने का मौका मिलेगा, जो उनके क्रिकेट करियर को एक नई दिशा दे सकता है.