कैराना से सांसद Iqra Hasan इन दिनों पश्चिम उत्तर प्रदेश की राजनीति में लगातार चर्चा में हैं। सोशल मीडिया पर उनके कई वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिनमें वह पुलिस अधिकारियों से तीखी बहस करती दिखाई दे रही हैं। इस पूरे घटनाक्रम के बाद प्रदेश में कानून व्यवस्था, जातीय राजनीति और 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर नई बहस शुरू हो गई है।
मामला सहारनपुर का बताया जा रहा है, जहां एक बुजुर्ग महिला अपने बेटे की हत्या के मामले में न्याय की मांग लेकर पहुंची थी। सांसद इकरा हसन भी पीड़िता के साथ DIG कार्यालय पहुंचीं। आरोप है कि इस दौरान पुलिस और सांसद के बीच तीखी बहस हुई। इकरा हसन ने दावा किया कि पुलिस एकतरफा कार्रवाई कर रही है और सरकार के दबाव में काम कर रही है।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में इकरा हसन पुलिस अधिकारियों से सवाल पूछती और कार्रवाई पर नाराजगी जताती दिखाई देती हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पीड़ित परिवार की बात नहीं सुनी गई। वहीं पुलिस पक्ष की ओर से अभी तक पूरे मामले पर विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
राजनीतिक विश्लेषक इस घटनाक्रम को 2027 के विधानसभा चुनाव से जोड़कर भी देख रहे हैं। विपक्ष पर आरोप लगाया जा रहा है कि वह जातीय समीकरणों के जरिए राजनीतिक रणनीति तैयार कर रहा है, जबकि विपक्षी दल इसे सामाजिक न्याय और पीड़ितों की आवाज उठाने का मामला बता रहे हैं।
इकरा हसन पहले भी कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर 2027 में समाजवादी पार्टी को मजबूत करने की अपील कर चुकी हैं। ऐसे में पश्चिम यूपी की राजनीति में यह मामला आने वाले दिनों में और गर्मा सकता है।