गाजा युद्ध अपराधों के आरोपी इजरायली सैनिक ने भारत छोड़ा, हिमाचल में छुट्टियां मना रहा था

Amanat Ansari 23 Sep 2026 09:19 PM 1 Mins
गाजा युद्ध अपराधों के आरोपी इजरायली सैनिक ने भारत छोड़ा, हिमाचल में छुट्टियां मना रहा था

नई दिल्ली: गाजा में कथित युद्ध अपराधों के आरोपी एक इजरायली सैनिक ने भारत छोड़ दिया है. फिलिस्तीनी अधिकार समूह हिंद रजब फाउंडेशन (HRF) ने अगस्त में उसके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी. यह सैनिक हिमाचल प्रदेश में छुट्टियां मना रहा था. यह 2026 में दूसरा ऐसा मामला है जब शिकायत के बाद इजरायली सैनिक भारत से रवाना हो गया.

ब्रसल्स स्थित HRF ने 18 अगस्त को इस अनजान सैनिक के खिलाफ शिकायत दायर की थी. संगठन का आरोप है कि उसने गाजा के खान यूनिस गवर्नरेट में नागरिक संपत्ति के अवैध विनाश में प्रत्यक्ष भूमिका निभाई. शिकायत में मार्च-अप्रैल 2024 के दौरान अबासन अल-सघिरा में नागरिक इंफ्रास्ट्रक्चर के विनाश का जिक्र है. HRF ने इसे युद्ध अपराध, मानवता के खिलाफ अपराध और नरसंहार की श्रेणी में रखा है. ये आरोप अभी अदालत में साबित नहीं हुए हैं.

शिकायत के बाद रवाना

मध्य-पूर्व आई (Middle East Eye) की रिपोर्ट के मुताबिक, सैनिक सितंबर के मध्य में भारत छोड़कर चला गया. यह साफ नहीं है कि शिकायत के कारण वह गया या उसकी छुट्टियां खत्म हो गई थीं. HRF के महानिदेशक दयाब अबू जहजा ने कहा कि भारत में दायर यह दूसरी शिकायत अपराधियों को अदालत के सामने लाने की हमारी प्रतिबद्धता का हिस्सा है. उन्होंने भारतीय अधिकारियों से आरोपों पर कार्रवाई की अपील की थी.

पहले भी एक मामला

जून 2026 में HRF ने इजरायली रिजर्विस्ट एतान गिल्बोआ के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी. वह भी हिमाचल (ओल्ड मनाली और गोंडला) में छुट्टियां मना रहा था. आरोप था कि वह 271वीं कॉम्बैट इंजीनियरिंग बटालियन का सदस्य है और खान यूनिस व राफा में नागरिक इमारतों के विध्वंस में शामिल रहा. गिल्बोआ भी बाद में भारत छोड़ गया.

भारत क्यों पसंद करते हैं इजरायली सैनिक?

भारत लंबे समय से इजरायली युवाओं के लिए अनिवार्य सैन्य सेवा के बाद की छुट्टियों का पसंदीदा ठिकाना रहा है. कासोल, धर्मकोट, गोवा, हम्पी, गोकरना, कोडईकनाल, ऋषिकेश, वाराणसी और पुष्कर जैसे स्थानों पर वे जाते हैं. प्रो-फिलिस्तीन कार्यकर्ता दुनिया भर में (नीदरलैंड, पुर्तगाल, इटली, साइप्रस, रोमानिया, ब्राजील, चिली, श्रीलंका आदि) ऐसे सैनिकों को ट्रैक कर रहे हैं.

कुछ लोग कहते हैं कि ऑफ-ड्यूटी सैनिकों की पहचान उजागर करने से उनकी जान खतरे में पड़ सकती है. यह मामला 7 अक्टूबर 2023 के हमास हमले के बाद गाजा में इजरायल के सैन्य अभियान की पृष्ठभूमि में आया है.

Israeli soldier India Hind Rajab Foundation Gaza war crimes

Recent News