इंदौर: भाजपा नेता और मध्य प्रदेश सरकार के नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने एक बार फिर विवादास्पद बयान देकर सुर्खियां बटोर ली हैं. इंदौर में एक विकास कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा कि जो मुसलमान उन्हें और हिंदुओं को 'काफिर' कहते हैं, वे सरकार द्वारा बनाई गई सड़कों पर न चलें और सरकारी योजनाओं का लाभ भी न लें.
मंत्री विजयवर्गीय ने मंच से स्पष्ट कहा, ''जिस क्षेत्र में सड़कें बन रही हैं, वहां हिंदू और मुस्लिम दोनों समुदाय के लोग रहते हैं. कई मुस्लिम भाई हमें काफिर बोलते हैं. अगर हम काफिर हैं, तो हमारी बनाई सड़क पर मत चलो. आपके घर में लाडली बहना और लाडली लक्ष्मी योजना का पैसा आ रहा है, तो वह भी मत लो.''
"हमने कभी भेदभाव नहीं किया"
विजयवर्गीय ने अपने बयान के साथ यह भी स्पष्ट किया कि भाजपा सरकार किसी के साथ भेदभाव नहीं करती. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मंत्र ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास’ को दोहराते हुए कहा कि सरकार विकास कार्य सभी के लिए करती रहेगी, चाहे वोट मिले या न मिले. उन्होंने जोर देकर कहा कि आप हमें वोट दो या नहीं दो, हमारा काम जनता की सेवा करना है. वोट देंगे तो और ज्यादा मन लगाकर काम करेंगे, नहीं देंगे तो भी काम करेंगे.
यह बयान इंदौर के विधानसभा क्षेत्र क्रमांक-1 में आयोजित दो दिवसीय विकास कार्यक्रम के दौरान दिया गया. मंत्री ने यहां वार्ड 1 और 5 में लगभग 2.39 करोड़ रुपए की लागत से होने वाले 10 विकास कार्यों का भूमिपूजन भी किया. विजयवर्गीय का यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया है.