भारत का ब्रिक्स करेंसी पर सख्त रुख: पीयूष गोयल बोले- अलग मुद्रा के पक्ष में नहीं, न ही समर्थन

Amanat Ansari 08 Aug 2026 06:34: PM 1 Mins
भारत का ब्रिक्स करेंसी पर सख्त रुख: पीयूष गोयल बोले- अलग मुद्रा के पक्ष में नहीं, न ही समर्थन

नई दिल्ली: भारत ने ब्रिक्स देशों के बीच चर्चा में आने वाली अलग मुद्रा (BRICS Currency) के प्रस्ताव से खुद को साफ तौर पर अलग कर लिया है. वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने शुक्रवार को जयपुर में ब्रिक्स व्यापार एवं उद्योग मंत्रियों की बैठक के बाद स्पष्ट कहा कि भारत ऐसी किसी नई मुद्रा योजना के पक्ष में नहीं है और न ही इसका समर्थन करता है.

गोयल ने पत्रकारों से कहा कि भारत ब्रिक्स मुद्रा के पक्ष में नहीं है. हम इसके पक्ष में नहीं हैं कि ब्रिक्स मुद्रा जैसी नई योजना लाई जाए. भारत का उस पर विरोध है. ब्रिक्स समूह में ब्राजील, रूस, मिस्र, इथियोपिया, भारत, इंडोनेशिया, ईरान, रूस, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) जैसी 11 उभरती अर्थव्यवस्थाएं शामिल हैं.

यह मंच वैश्विक और क्षेत्रीय मुद्दों पर चर्चा व सहयोग के लिए काम करता है. पिछले कुछ वर्षों में रूस और चीन जैसे सदस्य देशों ने अमेरिकी डॉलर के विकल्प के रूप में ब्रिक्स मुद्रा की संभावनाओं पर चर्चा की है. 2024 में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी ब्रिक्स देशों को डॉलर के स्थान पर दूसरी मुद्रा को बढ़ावा देने के प्रयासों के खिलाफ चेतावनी दी थी.

बैठक में क्या चर्चा हुई?

गोयल ने बताया कि बैठक में सदस्य देशों के बीच संतुलित व्यापार और निवेश को बढ़ावा देने के उपायों पर चर्चा हुई. सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यमों (एमएसएमई) के लिए आसान और पर्याप्त वित्त उपलब्ध कराने के मुद्दे पर भी विचार-विमर्श किया गया. भारत के इस स्पष्ट रुख के बाद ब्रिक्स मुद्रा को लेकर चल रही अटकलों पर विराम लग गया है. भारत अपनी मौजूदा मुद्रा व्यवस्था और अंतरराष्ट्रीय व्यापार व्यवस्था को बनाए रखने के पक्ष में नजर आ रहा है.

Piyush Goyal India BRICS BRICS currency

Recent News