गाजियाबाद: 31 साल पुराने अपहरण-हत्या मामले में उम्रकैद की सजा काट चुके यूट्यूबर सलीम वास्तिक एक बार फिर सुर्खियों में हैं. तिहाड़ जेल से बाहर आने के बाद उनका एक वायरल वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना, जिसमें वे जिहादियों को चुनौती देते नजर आए. अब सलीम गाजियाबाद के प्रसिद्ध डासना देवी मंदिर पहुंचे, जहां शिवशक्ति धाम के पीठाधीश्वर यति नरसिंहानंद गिरी ने उनका भव्य स्वागत किया. यह घटना सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है और धार्मिक-सामाजिक गलियारों में चर्चा का विषय बनी हुई है.
यति नरसिंहानंद का समर्थन
मंदिर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान यति नरसिंहानंद ने सलीम को “हमारे शेर, हमारे भाई” कहकर संबोधित किया. उन्होंने कहा, ''वह मौत और तमाम षड्यंत्रों को हराकर वापस आए हैं. अब वह मानवता के लिए लड़ने को तैयार हैं. दुनिया में कोई भी उनका साथ छोड़ दे, लेकिन शिवशक्ति धाम डासना और महादेव के भक्त उनका साथ कभी नहीं छोड़ेंगे.''
"हमारे शेर सलीम वास्तिक आज मां और महादेव के चरणों में हैं। शेर मौत को हराकर आज जेल से बाहर है" : यति नरसिंहानंद गिरी, महामंडलेश्वर
— Sachin Gupta (@Sachingupta) June 11, 2026
बच्चे की हत्या में उम्रकैद की सजा पाया सलीम वास्तिक आज गाजियाबाद के डासना देवी मंदिर में पहुंचा, जहां उसका स्वागत हुआ !! https://t.co/b9qF6TfL4n pic.twitter.com/fqsUv1lY39
यति नरसिंहानंद ने हिंदुओं को एक-दूसरे का साथ देने की अपील भी की और उन लोगों को धन्यवाद दिया जिन्होंने मुश्किल समय में सलीम का साथ दिया. सलीम वास्तिक लोनी क्षेत्र में धार्मिक सुधार और सामाजिक मुद्दों पर वीडियो बनाते रहे हैं. इस साल फरवरी में उन पर जानलेवा हमला हुआ था, जिसमें दो हमलावर पुलिस मुठभेड़ में मारे गए.
अप्रैल में दिल्ली पुलिस ने उन्हें अपहरण और हत्या के मामले में गिरफ्तार किया था. वायरल वीडियो में सलीम छड़ी के सहारे दिखाई दिए, जिसमें उन्होंने खुद को मुसलमानों को शिक्षा और तरक्की की राह पर ले जाने की बात भी कही. ग्लोबल भारत टीवी वायरल वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की है. सलीम की वर्तमान जमानत और कानूनी स्थिति को लेकर आधिकारिक जानकारी दिल्ली पुलिस दे सकती है.