उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (Uttarakhand Chief Minister Pushkar Singh Dhami) ने स्वतंत्रता दिवस (Independence Day) से पहले 'हर घर तिरंगा' अभियान (Har Ghar Tiranga Abhiyan) के तहत बुधवार को देहरादून में अपने आधिकारिक आवास पर तिरंगा फहराया. मुख्यमंत्री ने विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर विभाजन के पीड़ितों को श्रद्धांजलि भी दी. सीएम धामी ( CM Pushkar Singh Dhami) ने एक्स पर एक पोस्ट साझा कर कहा कि विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर, मैं उन लाखों परिवारों को श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं जिन्होंने विभाजन का दर्द सहा और अनगिनत कठिनाइयों का सामना किया.
CM धामी ने कहा कि 1947 में इसी दिन हमारे देश का विभाजन धर्म के आधार पर हुआ था. भेदभाव और घृणा के इस जहर के कारण लाखों भाई-बहन विस्थापित हुए और हज़ारों लोगों की जान चली गई. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah Har Ghar Tiranga Abhiyan) ने भी 'हर घर तिरंगा' अभियान के तहत राष्ट्रीय राजधानी में अपने आवास पर तिरंगा फहराया. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanat Har Ghar Tiranga Abhiyan) ने लखनऊ में अपने आवास पर तिरंगा फहराया और 'हर घर तिरंगा' पहल में भाग लेते हुए इसके साथ एक सेल्फी ली.
इससे पहले मंगलवार को उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने केंद्रीय मंत्रियों गजेंद्र सिंह शेखावत, राम मोहन नायडू किंजरापु, किरेन रिजिजू और मनसुख मंडाविया के साथ राष्ट्रीय राजधानी में भारत मंडपम से 'हर घर तिरंगा' अभियान के तहत एक बाइक रैली को हरी झंडी दिखाई.
उपराष्ट्रपति धनखड़ ने कहा कि 'हर घर तिरंगा' अभियान हमारी स्वतंत्रता, गौरव और विकसित भारत के प्रति प्रतिबद्धता का प्रतीक है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी नागरिकों से स्वतंत्रता दिवस के उपलक्ष्य में 'हर घर तिरंगा' अभियान के तहत अपने घरों पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने का आग्रह किया है. 28 जुलाई को 'मन की बात' के 112वें संस्करण में, प्रधानमंत्री मोदी ने सभी भारतीयों से स्वतंत्रता दिवस मनाने के लिए 'हर घर तिरंगा' अभियान में सक्रिय रूप से भाग लेने का आह्वान किया.
'हर घर तिरंगा' आज़ादी का अमृत महोत्सव के तहत एक पहल है, जिसे 2021 में लोगों को तिरंगा घर लाने और भारत की स्वतंत्रता की 75वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में इसे फहराने के लिए प्रोत्साहित करने के लिए शुरू किया गया था. इस अभियान का उद्देश्य लोगों के दिलों में देशभक्ति की भावना जगाना और भारतीय राष्ट्रीय ध्वज के बारे में जागरूकता बढ़ाना है.