वाराणसी : उत्तर प्रदेश के वाराणसी के बड़ागांव थाना क्षेत्र के रसूलपुर-हरहुआ से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां निवासी आफताब अंसारी ने अपनी पहचान छिपाकर एक युवती से शादी कर ली. आरोप है कि उसने खुद को अमित बताकर युवती को प्रेमजाल में फंसाया और बाद में उसके साथ प्रताड़ना व जबरन धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया.
पीड़िता के अनुसार, उसकी मुलाकात अप्रैल 2024 में एक शादी समारोह के दौरान आफताब से हुई थी, जहां उसने काम दिलाने का झांसा देकर उससे नजदीकियां बढ़ाईं. कुछ समय बाद वह उसे कैंट स्थित एक होटल में ले गया और दुष्कर्म किया. विरोध करने पर उसने शादी का झांसा दिया. इसके बाद 25 मार्च 2025 को चौकाघाट स्थित काली मंदिर में दोनों का विवाह कराया गया, जहां आफताब अपने दोस्तों को ही परिवार बताकर ले गया.
शादी के बाद आफताब युवती को अपने घर न ले जाकर लहरतारा की नई बस्ती में किराए के कमरे में रखने लगा. कुछ समय बाद उसके रहन-सहन और गतिविधियों से युवती को उसके मुस्लिम होने की जानकारी हुई. जब उसने इसका विरोध किया तो आफताब ने उसके साथ मारपीट शुरू कर दी और उस पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाने लगा.
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि आफताब और उसका भाई गरीब लड़कियों को प्रेमजाल में फंसाकर उन्हें बाहर ले जाकर बेचने का काम करते हैं. लगातार बढ़ती प्रताड़ना से परेशान होकर युवती किसी तरह वहां से भागकर अपने मायके पहुंची और परिजनों को पूरी घटना बताई.
मामले की जानकारी मिलने पर कोतवाली पुलिस ने आफताब उर्फ अमित, उसके पिता नबी रसूल, गंगाजलि और मिट्टू अंसारी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया. पुलिस ने आफताब को गिरफ्तार भी किया, लेकिन वह कोतवाली से पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया. एसीपी विजय प्रताप सिंह ने बताया कि आरोपित की गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित कर दी गई हैं और जल्द ही उसे पकड़ लिया जाएगा. पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है.