हरियाणा विधानसभा चुनाव (Haryana Assembly Elections) के बाद अब परिणाम आ गया है. राज्य में भाजपा (BJP) ने स्पष्ट बहुमत प्राप्त कर लिया है. बीजेपी को यहां 48 सीटें प्राप्त हुई है और कांग्रेस ने 37 सीटों पर जीत दर्ज की है. वैसे बीजेपी खुद के दम पर सरकार बनाने में सक्षम है, उसके बावजूद हरियाणा में निर्दलीय (Independent candidate in Haryana) रूप से जीते तीन उम्मीदवारों ने भाजपा को समर्थन दे दिया है. तीनों विधायकों ने आधिकारिक रूप से भाजपा को समर्थन देने का ऐलान भी कर दिया है. तीनों विधायकों ने आज बीजेपी नेता धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात की है. सूत्रों के हवाले से दावा किया गया है कि नायब सिंह सैनी को मुख्यमंत्री बनाने के लिए भी बीजेपी जल्द ही ऐलान कर सकती है.
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सावित्री जिंदलः हिसार से निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में जीती सावित्री जिंदल कुरुक्षेत्र से भाजपा सांसद नवीन जिंदल की मां है. सावित्री जिंदल कांग्रेस सरकार में राज्य की मंत्री भी रह चुकी हैं. उनके पति ओपी जिंदल भूपेंद्र सिंह हुड्डा के काफी करीबी माने जाते हैं. दावा किया जाता रहा है कि ओपी जिंदल भूपेंद्र सिंह हुड्डा के दोस्त भी हैं. सावित्री ने 18941 मतों से कांग्रेस प्रत्याशी राम निवास को हरा दिया है.
देवेंद्र कादियानः हरियाणा के गन्नौर सिट से भाजपा के बागी नेता देवेंद्र कादियान ने निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान किया था. कादयान को 77248 वोट प्राप्त हुए हैं. उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी कुलदीप शर्मा को 35209 वोटों से हरा दिया है. भाजपा से टिकट नहीं मिलने के कारण उन्होंने निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान किया था, लेकिन चुनाव में जीत दर्ज करने के बाद उन्होंने बीजेपी को समर्थन देने का ऐलान कर दिया है.
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राजेश जूनः हरियाणा के बहादुरगढ़ सीट कांग्रेस के बागी नेता राजेश जून ने जीत दर्ज की है. उन्होंने अपने निकटतम भाजपा प्रत्याशी दिनेश कौशिक को 41999 मतों से हराया है. राजेश जून भी कांग्रस से टिकट नहीं मिलने के बाद निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ने का ऐलान किया था. वहीं अब जीत दर्ज करने के बाद भाजपा को समर्थन देने का ऐलान कर दिया है. माना जा रहा है कि इन विधायकों के समर्थन मिल जाने के बाद भाजपा को हरियाणा में सरकार चलाने में कोई दिक्कत नहीं आएगी.