कोलकाता: चोरबागान सार्वजनिन दुर्गा पूजा पंडाल में शनिवार शाम हुई भीषण भगदड़ में मृतकों की संख्या बढ़कर 19 हो गई है. घायलों की संख्या करीब 25 है. रविवार को कोलकाता पुलिस ने आयोजकों समेत 7 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है और सुओ मोटो केस दर्ज किया है.
गिरफ्तार लोगों में पूजा समिति के सचिव राज कुमार सेवड़ा (उर्फ राजा), उपाध्यक्ष संतनु दुबे, बांस की संरचना बनाने वाले बिप्लब मुखर्जी, भीड़ प्रबंधन से जुड़े कौशिक साहा और पिंटू डे तथा निजी सुरक्षा प्रभारी सुमन चक्रवर्ती और राजेश पाल शामिल हैं. पहले 12-14 लोगों को हिरासत में लिया गया था, जिनमें से 7 को गिरफ्तार किया गया.
आगे और गिरफ्तारियां हो सकती हैं. पुलिस ने गिरीश पार्क थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 105, 110 और 3(5) के तहत केस दर्ज किया है, जिसमें हत्या के समानुपाती Culpaible Homicide (हत्या न होने वाली आपराधिक लापरवाही) के आरोप हैं.
जांच और मुआवजा
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने कलकत्ता हाईकोर्ट के एक मौजूदा न्यायाधीश की अगुवाई में विशेष जांच दल (SIT) गठित करने की घोषणा की है. इसमें STF, CID और अन्य विभाग शामिल होंगे. भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही की जांच हो रही है.
राज्य सरकार ने मृतकों के परिजनों को 25 लाख रुपये मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को ग्रुप-डी सरकारी नौकरी देने का ऐलान किया है. घायलों को भी सहायता दी जा रही है. हादसा बारिश के दौरान भारी भीड़ और संकरे निकास द्वार के कारण हुआ था. पुलिस सीसीटीवी फुटेज की जांच कर रही है.