West Bengal News : पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) नेताओं के खिलाफ जनता का गुस्सा लगातार बढ़ता दिखाई दे रहा है. ताजा मामला उत्तर 24 परगना जिले के कमारहाटी विधानसभा क्षेत्र से सामने आया है, जहां टीएमसी विधायक मदन मित्रा को एक सरकारी कार्यक्रम के दौरान भारी विरोध का सामना करना पड़ा. कार्यक्रम स्थल पर मौजूद लोगों के एक समूह ने उनके खिलाफ नारेबाजी की और उन पर अंडे फेंके. स्थिति इतनी तनावपूर्ण हो गई कि विधायक को अपना कार्यक्रम बीच में ही छोड़कर वापस लौटना पड़ा.
जानकारी के अनुसार, मदन मित्रा अपने विधानसभा क्षेत्र में एक सरकारी कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे. उनके पहुंचते ही कुछ स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया. देखते ही देखते माहौल गर्म हो गया और भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने उन पर अंडों की बारिश कर दी. अचानक हुए इस विरोध से कार्यक्रम स्थल पर अफरा-तफरी मच गई. सुरक्षा कर्मियों और स्थानीय नेताओं ने हालात संभालने की कोशिश की, लेकिन विरोध थमता नहीं दिखा. हालात बिगड़ते देख मदन मित्रा को कार्यक्रम छोड़कर लौटना पड़ा.
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब राज्य में टीएमसी नेताओं के खिलाफ जनता के विरोध की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं. इससे पहले 30 मई को टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी को भी सोनारपुर के कमराबाद इलाके में विरोध का सामना करना पड़ा था. वह चुनावी हिंसा से प्रभावित एक परिवार से मिलने पहुंचे थे, तभी स्थानीय लोगों ने उनके खिलाफ नारेबाजी की और अंडे फेंके थे. उस प्रदर्शन में महिलाओं की भी बड़ी भूमिका रही थी, जिनके हाथों में कच्चे अंडे देखे गए थे.
लगातार सामने आ रही इन घटनाओं ने पश्चिम बंगाल की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है. विपक्ष इसे जनता की नाराजगी का संकेत बता रहा है, जबकि टीएमसी नेताओं का कहना है कि विरोध के पीछे राजनीतिक साजिश हो सकती है. फिलहाल कमारहाटी की यह घटना राज्य की सियासत में चर्चा का बड़ा विषय बनी हुई है.